लखीमपुर में 7 बीएलओ को नोटिस, एक निलंबित:मतदाता सूची पुनरीक्षण में लापरवाही पर बीएसए की कार्रवाई

लखीमपुर में प्रशासन ने विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों की मतदाता सूचियों के विशेष पुनरीक्षण कार्यक्रम-2026 में लापरवाही बरतने वाले बीएलओ (बूथ लेवल अधिकारी) के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। उप जिलाधिकारी (एसडीएम) की संस्तुति पर बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) खीरी ने सात बीएलओ को नोटिस जारी किया है, जबकि एक बीएलओ को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। यह कार्रवाई लखीमपुर, नकहा और निघासन तहसीलों के बीएलओ पर की गई है। नोटिस पाने वालों में लखीमपुर के दो, नकहा के दो और निघासन के तीन बीएलओ शामिल हैं। इन सभी के खिलाफ चुनावी कार्य में शिथिलता बरतने, समय पर निर्वाचन सामग्री प्राप्त न करने और सौंपे गए दायित्वों का निर्वहन न करने के आरोप हैं। सबसे सख्त कार्रवाई लखीमपुर ब्लॉक की बीएलओ सुश्री मंजू देवी रावत के खिलाफ हुई है। वह कम्पोजिट विद्यालय उदयपुर महेवा में सहायक अध्यापिका के पद पर कार्यरत हैं। उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। बीएसए कार्यालय के पत्र संख्या 491, दिनांक 25 नवंबर 2025 के अनुसार, सुश्री रावत को विशेष पुनरीक्षण कार्यक्रम 2026 के लिए बीएलओ ड्यूटी सौंपी गई थी। आरोप है कि उन्होंने न तो निर्वाचन सामग्री प्राप्त की और न ही कोई कार्य प्रारंभ किया। कई बार फोन पर संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उन्होंने कॉल रिसीव नहीं की। पत्र में यह भी उल्लेख है कि बिना किसी उचित कारण के निर्वाचन कार्य करने से मना करना जनप्रतिनिधित्व अधिनियम 1950 की धारा 32 का उल्लंघन है। इन्हीं आधारों पर उन्हें मनमाने आचरण और उच्चाधिकारियों के आदेशों की अवहेलना का दोषी मानते हुए निलंबित किया गया है।