नौकरी दिलाने के नाम पर ढाई लाख की ठगी:सोनभद्र पुलिस ने कोर्ट के आदेश पर आरोपी के खिलाफ दर्ज किया मुकदमा

सोनभद्र के राबर्ट्सगंज कोतवाली पुलिस ने नौकरी दिलाने के नाम पर ढाई लाख रुपए की ठगी के मामले में एक व्यक्ति के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। यह कार्रवाई पीड़ित की शिकायत पर न्यायालय के आदेश के बाद की गई है। पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। पीड़ित प्रीतम कुमार मछोदरी, मूल निवासी वाराणसी और वर्तमान में राबर्ट्सगंज के पूरब मोहाल में रहने वाले हैं। अपनी तहरीर में उन्होंने बताया कि उनकी मुलाकात अनुराग श्रीवास्तव, निवासी कृष्णानगर ओबरा, से हुई थी। प्रीतम के अनुसार, अनुराग ने उन्हें अनपरा क्षेत्र की आउटसोर्सिंग कंपनियों में नौकरी दिलाने का भरोसा दिलाया। वर्ष 2023 में दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ीं और अनुराग कई बार उनके पूरब मोहाल स्थित घर भी आया। उसने दावा किया कि वह दो से चार महीने के भीतर अनपरा की आउटसोर्सिंग कंपनी में नौकरी दिला देगा, जिसके लिए ढाई लाख रुपये खर्च आएंगे। अनुराग की बातों पर विश्वास कर प्रीतम ने उसे डेढ़ लाख रुपये नकद दे दिए। इसके अलावा, प्रीतम ने अपने एक रिश्तेदार के माध्यम से दो बार में पचास-पचास हजार रुपये पेटीएम से अनुराग के खाते में भिजवाए। लगभग छह महीने बीत जाने के बाद भी जब नौकरी नहीं मिली, तो प्रीतम ने अपने पैसे वापस मांगने शुरू किए। इस पर अनुराग लगातार टालमटोल करने लगा और दावा किया कि उसकी “ऊँची पहुंच” है। इसलिए वह किसी भी हाल में नौकरी दिला देगा। समय बीतने के बाद अनुराग ने प्रीतम के फोन उठाने बंद कर दिए। जब प्रीतम ने दूसरे नंबर से कॉल किया, तो अनुराग ने गाली-गलौज की और जान से मारने की धमकी भी दी। इसके बाद प्रीतम ने घटना की जानकारी राबर्ट्सगंज कोतवाली पुलिस को दी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने रजिस्टर्ड डाक के माध्यम से पुलिस अधीक्षक को भी सूचना दी, मगर वहां से भी कोई कार्रवाई न होने पर उन्होंने न्यायालय की शरण ली। न्यायालय ने राबर्ट्सगंज कोतवाली को प्राथमिकी दर्ज कर आवश्यक कार्रवाई करने का आदेश दिया, जिसके आधार पर पुलिस ने आरोपी अनुराग श्रीवास्तव के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।