रोशनी के सिर की 5 हडि्डयां चकनाचूर मिलीं:पोस्टमार्टम रिपोर्ट में चेहरे पर 8 घाव मिले, फ्लैट में लाश बंद करके भागा था पति

‘मेरी बहन रोशनी को 21 नवंबर को जीजा ने जिंदा जलाने की कोशिश की। पड़ोसियों ने आग बुझाकर जान बचाई। इसके बाद 2 दिन तक खाना नहीं दिया। बहन का भूखा रखा। 27 दिसंबर को मेरी बहन का फोन बंद मिला। घर पहुंचा तो ताला लगा था। मैंने पुलिस बुलाई। दरवाजा तोड़कर अंदर गए तो पहली मंजिल पर बहन की खून से लथपथ डेडबॉडी पड़ी थी। आरोपी जीजा मेरी बहन को बहुत प्रताड़ित करता था।’ यह कहना है गुजैनी निवासी रोशनी के भाई राहुल का। राहुल ने बताया कि एक महीने पहले मुझे घर से मारपीट कर भगाया था। मुझे दो तमाचे मारे थे। रविवार को रोशनी की पोस्टमार्ट रिपोर्ट आई। इसमें चेहरे पर आठ से अधिक चोट के निशान मिले हैं। सिर की 5 हड्डियां चकनाचूर मिलीं। कोमा में जाने से रोशनी की मौत हो गई। 2 दिन तक भूखी रही थी रोशनी
गोविंद नगर थाना के गुजैनी एफ ब्लॉक निवासी राहुल ने बताया कि 23 नवंबर को मेरी बहन रोशनी को जीजा संजय अपने घर ले गया। रोशनी ने मुझे 26 नवंबर को फोन किया। कहा कि घर में सब्जी-पानी कुछ भी नहीं है। मैंने 2 दिन खाना नहीं खाया है। संजय कुछ नहीं दे रहा है। इसके बाद मैं घर पहुंचा और बहन को खाना दे आया। सब्जी खरीदकर दे आया। इसके बाद बहन ने खाया बनाया। तब हम दोनों ने साथ में खाना खाया। इसके बाद दीदी छत पर लेटकर रोने लगी, मैं भी उसके बगल में बैठा था। फिर मैं दादा नगर स्थित फैक्ट्री चला आया। मैं बहन से उसका फोन ले गया। इसके बाद मैं करीब 3 बजे घर पहुंचा तो पूरे घर की लाइटें बंद थी। 26 को हत्या कर भागा था आरोपी
मेनगेट पर ताला लटका हुआ था। पड़ोसियों से पूछा तो उन्होंने बताया कि तुम्हारे जीजा, बहन से लड़कर बाहर से ताला बंद कर चला गया है। इसके बाद से हम लोग पूरे दिन बहन और जीजा की तलाश करते रहे, लेकिन कोई जानकारी नहीं मिली। रोशनी के चाचा केश नारायण ने बताया कि 27 की सुबह जब हम लोग दोबारा घर पहुंचे तब भी ताला बंद मिला। जिसके बाद हम लोगों का शक गहराया और पुलिस को जानकारी दी थी। रोशनी 4 महीने की गर्भवती थी। अब पढ़िए पूरा मामला… गुजैनी एफ ब्लॉक कॉलोनी में रहने वाला संजय कुमार गड़रियन पुरवा की एक प्राइवेट फैक्ट्री में काम करता है। उसकी शादी एक साल पहले 18 दिसंबर 2024 को रेऊना थाना क्षेत्र के अकबरपुर की रहने वाली रोशनी देवी (25) से हुई है। शादी के बाद संजय अपने परिवार के साथ गुजैनी में ही रहता था। रोशनी के भाई राहुल ने बताया कि उसके जीजा संजय की यह दूसरी शादी थी। उसकी पहली शादी 14 साल पहले हुई थी। उससे 12 साल की एक बेटी भी है। उसकी पहली पत्नी की 31 जुलाई 2023 को संदिग्ध मौत हो गई थी। उसी के आरोप में संजय जेल भी गया था। एक साल जेल में रहने के बाद वह जमानत पर बाहर आया। पिछले साल परिजनों से बातचीत के बाद संजय ने दूसरी शादी की इच्छा जताई। दोनों परिवार की रजामंदी के बाद संजय से बहन से दूसरी शादी हुई। शादी के कुछ समय बाद ही पति-पत्नी के बीच छोटी-छोटी बातों को लेकर झगड़ा होने लगा था, जिस पर परिजनों ने कई बार समझौता भी कराया था। पिछले महीने 21 नवंबर को झगड़ा होने के बाद संजय ने बहन को जलाकर मारने का प्रयास किया था। इस पर संजय और उसकी मां इंदिरा देवी के खिलाफ गोविंद नगर थाने में मुकदमा दर्ज कराया था। संजय घर में ताला लगाकर निकला, पत्नी रोशनी नहीं दिखी
राहुल ने बताया कि मुकदमा दर्ज होने के बाद संजय अपनी 12 साल की बेटी और मां को लेकर अलग रह रहा था। बहन रोशनी मेरे साथ रह रही थी। मंगलवार को संजय घर आया। अपनी गलतियों को मानते हुए, आगे से ऐसा कुछ नहीं करने का भरोसा देकर बहन से समझौता कर लिया। जाते समय उसने अपनी बहन को अपना मोबाइल दे दिया था। ‘संजय को जाते देखा, पत्नी नहीं दिखी’
गुरुवार को वाटर सप्लाई न होने पर वह बहन के घर पानी देने गया था। शुक्रवार को वह घर पहुंचा तो घर में ताला लगा था। बहन को फोन मिलाया जो स्विच ऑफ बताने लगा। इसके बाद परिजनों ने खोजबीन शुरू की, लेकिन कोई जानकारी नहीं मिली। शनिवार दोपहर राहुल ने दोबारा बहन के घर पहुंच कर पड़ोसियों से जानकारी की, तो उन्होंने बताया कि संजय को उन्होंने ताला बंद कर जाते देखा था, लेकिन रोशनी नहीं दिखी। कमरे में शव मिला, पास ही खून लगा तवा और बेलन था
अनहोनी की आशंका पर राहुल ने घटना की जानकारी गोविंद नगर पुलिस को दी। सूचना पर गोविंद नगर इंस्पेक्टर रिकेश कुमार सिंह ताला तोड़ घर में घुसे, तो पहली मंजिल स्थित कमरे में रोशनी का लहूलुहान शव पड़ा हुआ था। चेहरे पर घाव थे, पास ही पड़े तवा और बेलन पर खून के निशान थे। हत्या की जानकारी पर डीसीपी साउथ दीपेंद्र नाथ चौधरी, डॉग स्क्वायड और फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची। फोरेंसिक टीम ने जांच पड़ताल कर सबूत जुटाए। डीसीपी साउथ ने बताया कि मृतका के भाई की शिकायत पर आरोपी संजय के खिलाफ एफआईआर दर्ज की जा रही है। आरोपी की तलाश में पुलिस की टीमें लगी हैं। —————– ये भी पढ़ें- कानपुर हैलट में डॉक्टरों ने जिंदा को मुर्दा बताया…3 सस्पेंड:पोस्टमार्टम के लिए पुलिस बुलाई, सांसें चलती मिलीं तो बोले- सॉरी सर कानपुर के हैलट में जूनियर डॉक्टर ने जिंदा मरीज को मरा घोषित कर दिया। शव का पोस्टमॉर्टम कराने के लिए स्वरूपनगर थाने को सूचना भेज दी। पुलिस बॉडी को हैलट की मॉर्चुरी में जमा कराने लगी तो मरीज जिंदा मिला। इसके बाद अस्पताल में हड़कंप मच गया। आनन-फानन में चिकित्सा अधीक्षक डॉ. आरके सिंह मौके पर पहुंचे। पढ़ें पूरी खबर