समाजवादी पार्टी के सांसद जियाउर्रहमान बर्क के पिता ममलूकुर्रहमान बर्क ने बीजेपी पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि बीजेपी के पास अयोध्या जैसा कोई मुद्दा नहीं बचा है, इसलिए वह संभल को अयोध्या बनाना चाहती है। यह बयान सांसद जियाउर्रहमान बर्क द्वारा मदीना और ग़ौसुलबरा मस्जिद सहित मदरसे पर हुई बुलडोजर कार्रवाई को लेकर सरकार और प्रशासन पर सवाल उठाने के बाद आया है। इसके बाद उनके पिता ममलूकुर्रहमान बर्क ने बीजेपी पर यह आरोप लगाया। उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार संभल में 68 तीर्थों और 19 कूपों के जीर्णोद्धार का काम कर रही है। प्रशासन द्वारा सरकारी भूमि पर हुए अवैध कब्जों को लगातार हटाया जा रहा है, जिसके चलते बुलडोजर कार्रवाई देखने को मिल रही है। अयोध्या में भगवान श्रीराम का मंदिर बनने के बाद संभल में श्रीहरिहर मंदिर बनाम शाही जामा मस्जिद का मुद्दा छाया हुआ है, और 24 नवंबर 2024 की घटना के बाद से संभल लगातार सुर्खियों में बना हुआ है। गौरतलब है कि 24 नवंबर 2024 को कोर्ट के आदेश पर श्रीहरिहर मंदिर बनाम शाही जामा मस्जिद का सर्वे हुआ था। इस घटना के बाद से संभल राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चा में आ गया है। इसके अतिरिक्त, 14 दिसंबर 2024 को सपा सांसद के क्षेत्र में बिजली चेकिंग अभियान चलाया गया। 17 दिसंबर को स्मार्ट मीटर लगाए गए और 19 दिसंबर को बिजली चोरी पकड़ी गई। हालांकि, इलाहाबाद हाईकोर्ट ने सांसद को इस मामले में राहत दी है। लगभग 6 लाख रुपये का जुर्माना जमा करने के बाद बिजली कनेक्शन बहाल कर दिया गया है, लेकिन मामला अभी भी न्यायालय में विचाराधीन है। 24 नवंबर 2024 को हुई हिंसा के बाद सांसद का मकान क्षतिग्रस्त हो गया था। वहीं, विद्युत अधिकारियों के साथ अभद्र व्यवहार करने के आरोप में ममलूकुर्रहमान बर्क के खिलाफ एक एफआईआर भी दर्ज की गई है। ममलूकुर्रहमान बर्क का संभल विधानसभा से वर्ष 2007 और 2012 में विधानसभा चुनाव लड़ने का इतिहास रहा है। इसके अलावा, उन्होंने वर्ष 2006 और 2012 में नगर पालिका परिषद के अध्यक्ष पद का चुनाव भी लड़ा है, लेकिन उन्हें किसी भी चुनाव में जीत हासिल नहीं हुई।