मथुरा के छाता क्षेत्र के सिहाना गांव में जमीन विवाद के चलते एक रिटायर्ड रेलकर्मी की मौत हो गई। शुक्रवार शाम बाबूलाल नामक बुजुर्ग को रास्ता रोककर लाठी-डंडों से बेरहमी से पीटा गया, जिसके बाद इलाज के दौरान उनकी जान चली गई। जानकारी के अनुसार, रेलवे से सेवानिवृत्त बाबूलाल शुक्रवार शाम अपने खेत की ओर जा रहे थे। इसी दौरान गांव के कमल पुत्र रघुवीर और तरुण पुत्र रघुवीर ने उनका रास्ता रोक लिया। आरोप है कि दोनों ने पहले गाली-गलौज की और फिर जान से मारने की नीयत से लाठी-डंडों से हमला कर दिया, जिससे बाबूलाल गंभीर रूप से घायल हो गए। हमला करने के बाद आरोपी उन्हें घायल अवस्था में छोड़कर मौके से फरार हो गए। परिजनों ने आनन-फानन में बाबूलाल को उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया, लेकिन देर रात इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। मृतक के चचेरे भाई वीरी सिंह ने बताया कि आरोपियों से बाबूलाल का पुराना जमीनी विवाद चल रहा था, जिसे लेकर पहले पंचायत भी हो चुकी थी। इस मामले में सीओ छाता भूषण वर्मा ने बताया कि लगभग चार वर्षों से जमीन को लेकर पारिवारिक विवाद चला आ रहा था। उसी रंजिश में रिश्ते में लगने वाले नातियों द्वारा बाबूलाल के साथ मारपीट की गई, जिसमें इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया है, जिसमें हत्या की धाराएं बढ़ाई जा रही हैं। पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और मामले की गहन जांच जारी है।