कानपुर के पनकी थाना पुलिस ने हाईवे पर ट्रक चालकों को निशाना बनाने वाले अंतरराज्यीय गिरोह के अंतिम और चौथे सदस्य को गिरफ्तार कर लिया है। पकड़ा गया आरोपी शातिर अपराधी है और लंबे समय से पुलिस को चकमा दे रहा था। पुलिस ने उसके पास से लूट की रकम भी बरामद की है। रविवार को कागजी कार्रवाई पूरी कर आरोपी को जेल भेज दिया गया। क्या था मामला?
कानपुर देहात के मूसानगर निवासी ट्रक चालक रामबाबू बीते 20 नवंबर की रात मौरंग लादकर लखनऊ जा रहे थे। पनकी क्षेत्र में बाबा ढाबा के पास वह ट्रक खड़ा कर आराम करने लगे, तभी दो बाइकों पर सवार चार बदमाशों ने उन्हें घेर लिया। बदमाशों ने चालक के साथ मारपीट की और डरा-धमककर 35 हजार रुपये लूटकर फरार हो गए थे। इस सनसनीखेज वारदात के बाद पुलिस ने तत्काल मुकदमा दर्ज कर लुटेरों की तलाश शुरू की थी। सीसीटीवी फुटेज से खुला राज घटना के खुलासे के लिए पुलिस ने हाईवे और आसपास के इलाकों में लगे दर्जनों सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली थी। तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने बीते 10 दिसंबर को तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया था, जिनकी पहचान सत्यम शुक्ला उर्फ बुद्धि (निवासी: रहनस, महाराजपुर),प्रियांशु शुक्ला उर्फ कपूर, अरिदमन सिंह के रूप में हुई थी। वही गिरोह का चौथा सदस्य सुंदरम दुबे उर्फ छोटू (निवासी: सैमसी, महाराजपुर) तब से फरार चल रहा था। रविवार को सटीक मुखबिरी की सूचना पर पनकी पुलिस ने उसे भौंती बाईपास के पास से घेराबंदी कर दबोच लिया। तलाशी के दौरान उसके पास से लूट के 2100 रुपये नकद बरामद हुए हैं। पनकी थाना प्रभारी मनोज भदौरिया ने बताया कि पकड़े गए आरोपी सुंदरम दुबे का पुराना आपराधिक इतिहास है। उस पर पहले से ही चोरी और लूट जैसे 5 गंभीर मुकदमे दर्ज हैं। गिरोह के तीन सदस्य पहले ही जेल भेज जा चुके हैं, अब चौथे को भी जेल भेज दिया गया है।