उत्तराखंड के दो पैरा बैडमिंटन खिलाड़ियों का UP में एक्सीडेंट:ICU में भर्ती अर्जुन अवॉर्डी मनोज सरकार, नीलगाय के कारण बेकाबू हुई कार

उत्तराखंड के दो पैरा बैडमिंटन खिलाड़ियों की कार का उत्तरप्रदेश के हरदोई में एक्सीडेंट हो गया है। हादसे में अर्जुन पुरस्कार विजेता मनोज सरकार और पैरा शटलर मनदीप कौर घायल हुई हैं। मनोज सरकार के मामा गोविंद राय के अनुसार दोनों खिलाड़ी प्रैक्टिस के लिए लखनऊ जा रहे थे तभी संडीला क्षेत्र के पास अचानक सड़क पर नीलगाय आ गई। उसे बचाने के प्रयास में उनकी कार बेकाबू होकर सीधे उससे टकरा गई। टक्कर इतनी जोरदार थी कि कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और दोनों खिलाड़ी घायल हो गए। घटना के बाद स्थानीय लोगों की मदद से दोनों को पास के निजी अस्पताल ले जाया गया। जहां से उन्हें लखनऊ के मैक्स अस्पताल में रेफर ICU में भर्ती किया गया है और उनकी हालत नाजुक बताई जा रही है, जबकि कौर का भी इलाज जारी है। ड्राइविंग सीट पर थे मनोज, पीछे बैठीं थी कौर गोविंद राय के मुताबिक मनोज सरकार हाल ही में विदेश से भारत लौटे थे। 19 फरवरी को लखनऊ में प्रैक्टिस के लिए मनदीप कौर के साथ कार से जा रहे थे। हादसे के समय सरकार ड्राइवर के बगल वाली सीट में बैठे हुए थे जबकि मनदीप पीछे वाली सीट पर बैठीं हुई थीं। हादसे के बाद दोनों ही खिलाड़ियों को कई गुम चोटें आई हैं। सरकार के हाथ, सिर और पेट में कफी चोटे हैं। बताया जा रहा है की हादसे के बाद दोनों घायलों को सबसे पहले संडीला के रैसो गांव के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती करवाया गया था। जहां से इन्हें केजीएमयू लखनऊ ले जाया गया। यहां पर जांच के बाद दोनों खिलाड़ियों को लखनऊ के मैक्स अस्पताल में भर्ती करवा गया। गोविंद राय के अनुसार फिलाहाल दोनों खतरे से बाहर हैं। अब मनोज सरकार के बारे में जानिए… बचपन से संघर्ष: गलत इलाज से प्रभावित हुआ पैर, खेल नहीं छोड़ा मनोज सरकार का जन्म 12 जनवरी 1990 को उत्तराखंड के रुद्रपुर में हुआ। बचपन में तेज बुखार के दौरान हुए गलत चिकित्सा उपचार के कारण उनके निचले पैर प्रभावित हो गए और वे पोस्ट पोलियो रेजिडुअल पैरालिसिस (PPRP) स्थिति से प्रभावित हो गए। साधारण परिवार से आने वाले मनोज का बचपन आर्थिक कठिनाइयों में बीता। खेल उपकरण खरीदना भी आसान नहीं था, लेकिन बैडमिंटन के प्रति उनका लगाव कम नहीं हुआ। शारीरिक चुनौती और सीमित संसाधनों के बावजूद उन्होंने खेलना जारी रखा और धीरे-धीरे अपनी प्रतिभा से पहचान बनानी शुरू की। साधारण खिलाड़ी से पैरा बैडमिंटन स्टार बनने तक का सफर शुरुआत में मनोज सामान्य खिलाड़ियों के साथ बैडमिंटन खेलते थे। उनके खेल को देखकर उन्हें पैरा बैडमिंटन में आने की सलाह मिली और यहीं से उनके करियर ने नया मोड़ लिया। लगातार मेहनत और अनुशासन के बल पर उन्होंने राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में जगह बनाई और जल्द ही अंतरराष्ट्रीय मंच तक पहुंच गए। SL3 श्रेणी में प्रतिस्पर्धा करते हुए उन्होंने विश्व स्तर पर नंबर-1 रैंकिंग हासिल की और भारत के शीर्ष पैरा शटलरों में अपनी पहचान स्थापित की। पैरालंपिक पदक, विश्व खिताब और अर्जुन पुरस्कार से सजी उपलब्धियां मनोज सरकार के करियर की सबसे बड़ी उपलब्धि टोक्यो पैरालंपिक 2020 में SL3 वर्ग में कांस्य पदक जीतना रही। इसके अलावा वे विश्व चैंपियनशिप में तीन स्वर्ण सहित अनेक पदक जीत चुके हैं और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर 50 से अधिक पदक उनके नाम दर्ज हैं। उनके उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए भारत सरकार ने 2018 में उन्हें अर्जुन पुरस्कार से सम्मानित किया। वे उत्तराखंड के ऐसे खिलाड़ी हैं जिन्होंने पैरालंपिक पदक और अर्जुन अवॉर्ड दोनों हासिल कर राज्य और देश का गौरव बढ़ाया। अब मनदीप कौर के बारे में जानिए… उत्तराखंड से अंतरराष्ट्रीय मंच तक मनदीप कौर का जन्म 18 सितंबर 1995 को हुआ। वे मूल रूप से उत्तराखंड की रहने वाली हैं। खेल के प्रति रुचि और बेहतर प्रशिक्षण के लिए उन्होंने लखनऊ का रुख किया, जहां वे द्रोणाचार्य पुरस्कार विजेता कोच गौरव खन्ना के मार्गदर्शन में अभ्यास करती हैं। सीमित संसाधनों और चुनौतियों के बावजूद उन्होंने खेल को करियर के रूप में अपनाया और पैरा बैडमिंटन में अपनी पहचान बनानी शुरू की। उन्हें वेल्सपन फाउंडेशन का भी समर्थन प्राप्त है। लगातार मेहनत से विश्व नंबर-1 तक का सफर कौर ने अपने करियर की शुरुआत राष्ट्रीय स्तर से की और जल्द ही अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में भारत का प्रतिनिधित्व करने लगीं। अपने तेज खेल, फिटनेस और कोर्ट कवरेज के दम पर उन्होंने SL3 वर्ग में मजबूत पहचान बनाई। मार्च 2023 में वे विश्व नंबर-1 पैरा बैडमिंटन खिलाड़ी बनीं, जो उनके करियर की बड़ी उपलब्धियों में शामिल है। महिला सिंगल्स के साथ-साथ उन्होंने महिला डबल्स स्पर्धाओं में भी लगातार सफलता हासिल की। एशियन पैरा गेम्स पदक विजेता और अंतरराष्ट्रीय सफलता कौर ने 2022 एशियाई पैरा खेलों में दो कांस्य पदक जीतकर भारत का नाम रोशन किया। 2023 हांगझोऊ एशियन पैरा गेम्स में उन्होंने महिला सिंगल्स SL3 में कांस्य पदक जीता और महिला डबल्स SL3 में मनीषा रामदास के साथ भी कांस्य पदक हासिल किया। 2022 फज्जा दुबई पैरा बैडमिंटन इंटरनेशनल में उन्होंने स्वर्ण और रजत पदक जीते, जबकि पेरू पैरा बैडमिंटन इंटरनेशनल में विश्व चैंपियन खिलाड़ी को हराकर खिताब जीता। विश्व चैंपियनशिप में महिला युगल और मिश्रित युगल वर्ग में भी उन्होंने पदक जीतकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई।