देवरिया जिले के लार थाना क्षेत्र के रोपण छपरा गांव की 28 वर्षीय नेहा खातून ने बुधवार देर शाम 102 एंबुलेंस में एक बच्चे को जन्म दिया। ईएमटी मधु कुमारी और एक आशा कार्यकर्ता की तत्परता से जच्चा-बच्चा दोनों सुरक्षित हैं। नेहा खातून सद्दाम हुसैन की पत्नी हैं। बुधवार की देर शाम अचानक प्रसव पीड़ा शुरू हुई। परिजनों ने तत्काल 102 एंबुलेंस सेवा को फोन कर सहायता मांगी। कुछ ही देर में एंबुलेंस संख्या UP32 EG 1215 गांव पहुंची। प्रसूता को एंबुलेंस में बैठाकर अस्पताल के लिए रवाना किया गया। हालांकि, रास्ते में नेहा खातून की प्रसव पीड़ा अचानक बढ़ गई और उनकी स्थिति गंभीर होने लगी। एंबुलेंस में मौजूद इमरजेंसी मेडिकल टेक्नीशियन (ईएमटी) मधु कुमारी और गांव की आशा कार्यकर्ता ने स्थिति को संभाला। अस्पताल पहुंचने से पहले ही महिला को असहनीय प्रसव पीड़ा हो रही थी। बिना समय गंवाए, ईएमटी मधु कुमारी ने आशा कार्यकर्ता की मदद से एंबुलेंस के भीतर ही प्रसव की प्रक्रिया शुरू की। कुछ ही मिनटों में नेहा खातून ने एक स्वस्थ बच्चे को जन्म दिया। एंबुलेंस में ही प्राथमिक चिकित्सीय सहायता दी गई। नवजात की नाल काटने से लेकर मां को सुरक्षित स्थिति में लाने तक सभी आवश्यक चिकित्सकीय कदम उठाए गए। डिलीवरी के बाद नेहा और नवजात दोनों को सुरक्षित हालत में लार सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) पहुंचाया गया। वहां चिकित्सकों ने दोनों की जांच की और बताया कि मां और बच्चा दोनों स्वस्थ हैं तथा खतरे से बाहर हैं।