डिप्टी कमिश्नर के भाई की हरदोई में हत्या:मरने से पहले अपनी अंतड़ियां समेटी, बोला-जिंदा हूं भाई को आने दो

मथुरा के डिप्टी कमिश्नर (उद्योग) के भाई की हरदोई में हत्या कर दी गई। शनिवार सुबह 5 बजे हमलावरों ने घर में घुसकर भाई पर बांके से हमला किया। चीख-पुकार मची तो हमलावर भाग गए। मां और पड़ोसी भागकर पहुंचे तो देखा वह पेट के बल जमीन पर तड़प रहा था। शरीर से खून बह रहा था। यह देखकर लोग घबरा गए। पड़ोसी जब अस्पताल ले जाने लगे तो घायल युवक ने कहा- मैं अभी मरा नहीं हूं, जिंदा हूं। अभी कहीं मत लेकर जाओ, मेरे भाई को आने दो। मरने से पहले उसने गांव के हत्यारों के नाम भी बताए। कहा कि इंद्रपाल ने अपने दो साथियों के साथ पूरी साजिश के तहत उस पर हमला किया। हालांकि, पड़ोसी उसे मेडिकल कॉलेज ले गए। इलाज के दौरान युवक ने दम तोड़ दिया। बताया जा रहा है कि डिप्टी कमिश्नर के पिता की भी जून, 2023 में हत्या कर दी गई थी। पिता पर बांके से हमला किया गया था। मरने से पहले उन्होंने भी हत्यारों के नाम बताए थे। मामला पाली थाना क्षेत्र का है। सिलसिलेवार पढ़िए पूरी खबर… डिप्टी कमिश्नर रामेंद्र कुमार मथुरा में 10 साल से पोस्टेड हैं। हरदोई में जिला मुख्यालय से 45 किलोमीटर दूर मुड़रामऊ गांव में उनका पैतृक घर है। गांव में मां गोमती (78) और छोटा भाई विजय प्रताप (35) रहते हैं। विजय की शादी नहीं हुई है। 3 साल पहले पिता दयाराम (75) की हत्या कर दी गई थी। मां गोमती ने बताया- शनिवार सुबह 6:30 बजे शोर सुनकर उठी तो देखा आंगन में छोटा बेटा विजय खून से लथपथ पड़ा था। वह गंभीर रूप से घायल था। इसी बीच गांववाले आ गए। बेटे ने मुझे बताया कि गांव के ही रहने वाले इंद्रपाल ने दो लोगों के साथ मिलकर उस पर हमला किया है। पड़ोसी उसे अस्पताल ले जाने लगे तो वह इनकार कर रहा था। कहने लगा कि पहले मेरे भाई को आने दीजिए। उसे तत्काल पाली सीएचसी पहुंचाया गया। लेकिन, हालत गंभीर देखते हुए डॉक्टरों ने मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया। वहां करीब 2 घंटे के इलाज के बाद विजय ने दम तोड़ दिया। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा। पुलिस ने मां गोमती के बयान पर मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। घर के आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाले। ASP मार्तंड प्रकाश सिंह ने बताया- विजय नाम के युवक पर धारदार हथियार से हमले की सूचना मिली थी। इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई । मरने से पहले युवक ने हमलावरों के नाम बताए। एक नामजद आरोपी इंद्रपाल को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। जल्द ही अन्य आरोपी भी गिरफ्तार होंगे। 3 साल पहले गैस एजेंसी विवाद को लेकर पिता की हुई थी हत्या… जून, 2023 में डिप्टी कमिश्नर रामेंद्र कुमार के पिता दयाराम घर से खेत जा रहे थे। गांव के दो पक्षों में झगड़ा चल रहा था। दयाराम ने बीच-बचाव करने की कोशिश की, तो दबंगों ने उन पर हमला कर दिया। वे गंभीर रूप से घायल हो गए। हरदोई मेडिकल कॉलेज से लखनऊ ले जाते समय उन्होंने दम तोड़ दिया था। मरने से पहले उन्होंने बताया था- मैं चारा काटने जा रहा था। तभी महावीर, रघुवीर, परीक्षित उर्फ संदीप, मनोज और रजनीश ने मुझ पर हमला कर दिया। उस वक्त यह भी सामने आया था कि दयाराम के छोटे बेटे विजय प्रताप के नाम दिसंबर, 2013 में भारत गैस एजेंसी मंजूर हुई थी। इसे गांव के ही महावीर ने निरस्त करवा दिया था। इसके बाद महावीर ने फर्जी तरीके से अपना नाम हंसराज बताकर गैस एजेंसी अपने नाम करवा ली थी। दयाराम ने 2021 में कोर्ट के आदेश पर महावीर के खिलाफ पाली थाने में फ्रॉड समेत कई धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया था। इसमें महावीर को जेल भी हुई थी। जांच में आरोप सही पाए जाने पर महावीर की गैस एजेंसी को भी निरस्त कर दिया गया था। तभी से महावीर और दयाराम के बीच दुश्मनी चल रही थी। —————————- ये खबर भी पढ़िए… देवर-भाभी चॉकलेट डे पर बिस्तर पर पकड़े गए, आगरा में बचने के लिए पति को मारकर लटकाया
चॉकलेट डे मनाने के लिए देवर को बुलाया था। हम दोनों एक साथ बेड पर थे। पति घर लौटा, तो हम दोनों को देखकर आगबबूला हो गया। इसलिए उसकी हत्या करनी पड़ी। ये कहना है आगरा की महिला का, जिसने देवर के साथ मिलकर अपने पति को मार दिया। पूरी खबर पढ़िए…