गोरखपुर नगर निगम में बुधवार को नगर विकास विभाग के प्रमुख सचिव पी. गुरुप्रसाद पहुंचे। उनके आगमन पर नगर निगम में एक विस्तृत बैठक आयोजित की गई, जिसमें शहर में चल रहे और पूरे हो चुके विकास कार्यों की प्रगति की समीक्षा की गई। बैठक के दौरान प्रमुख सचिव ने नगर निगम द्वारा तैयार की गई पीपीटी प्रस्तुति में गोरखपुर के सभी प्रमुख प्रोजेक्ट देखे। इनमें वे प्रोजेक्ट भी शामिल रहे जो पूरा हो चुके हैं, जिन पर काम चल रहा है और वे योजनाएं भी जो प्रस्तावित हैं। उन्होंने हर परियोजना के बारे में विस्तृत जानकारी ली और आगे की जरूरतों पर चर्चा की। UFMC, ICCC और ITMS का किया निरीक्षण समीक्षा बैठक के बाद प्रमुख सचिव ने नगर निगम स्थित अर्बन फ्लड मैनेजमेंट सेंटर (UFMC), इंटीग्रेटेड कंट्रोल एवं कमांड सेंटर (ICCC) और इंटीग्रेटेड ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम (ITMS) का दौरा किया। उन्होंने इन आधुनिक प्रणालियों की कार्यप्रणाली को समझा और बताया कि तकनीक के उपयोग से शहर प्रबंधन और भी बेहतर हो रहा है। दैनिक भास्कर से बातचीत में कही ये बातें दैनिक भास्कर से बातचीत में प्रमुख सचिव ने कहा कि गोरखपुर में मुख्यमंत्री के निर्देश पर पहले से ही कई बड़े विकास कार्य हो रहे हैं। उनके मुताबिक, गोरखपुर आने का मुख्य उद्देश्य नगर विकास और आवास विभाग की परियोजनाओं की वास्तविक प्रगति को समझना था।
उन्होंने बताया कि नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ अर्बन डेवलपमेंट द्वारा गोरखपुर में रिवर फ्रंट विकसित किया जाना है, जिसका प्रेजेंटेशन भी देखा गया। उन्होंने कहा कि नगर निगम को हाल ही में मिले अवार्ड बेहद सराहनीय हैं और गोरखपुर पूरे देश में एक मिसाल बनकर उभर रहा है। रिवर फ्रंट और अन्य प्रोजेक्ट का भी निरीक्षण निरीक्षण के दौरान प्रमुख सचिव ने शहर के कई महत्वपूर्ण स्थलों का दौरा किया, जिनमें शामिल हैं:
• गोड़धोईया नाला
• तकियाघाट
• एकला बंधा रिवर फ्रंट प्रोजेक्ट
• राजघाट
• महेसरा में बन रहा स्पॉन्ज पार्क इसके साथ ही उन्होंने गोरखपुर नगर निगम और विकास प्राधिकरण द्वारा किए जा रहे अन्य विकास कार्यों की भी समीक्षा की। शहर में विकास की रफ्तार तेज प्रमुख सचिव के दौरे से स्पष्ट है कि गोरखपुर में शहरी विकास से जुड़े प्रोजेक्ट तेजी से आगे बढ़ रहे हैं। शहर में हो रहे ये काम न सिर्फ मूलभूत सुविधाओं को मजबूत करेंगे, बल्कि स्मार्ट सिटी की दिशा में भी गोरखपुर की प्रगति को तेज करेंगे।