मेरठ के लोहियानगर थानाक्षेत्र में स्थित NAMS हॉस्पिटल की तीसरी मंजिल से एक युवक कूद गया। घटना के बाद अस्पताल में हड़कंप मच गया। घायल युवक को तुरंत अस्पताल के आईसीयू में भर्ती कराया गया। हालांकि गिरने के कारण मरीज के पैरों में चोट आई है। उसके दाएं पैर में प्लास्टर बांधा गया है। लेकिन अब मरीज खतरे से बाहर है। जानकारी के अनुसार लोहियानगर में सत्यकाम स्कूल के पास स्थित NAMS हॉस्पिटल में यह घटना हुई। बताया जा रहा है कि युवक अचानक अस्पताल की तीसरी मंजिल से नीचे कूद गया। घटना के बाद मौके पर मौजूद लोगों ने तुरंत उसे उठाकर इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया। घटना की सूचना मिलने के बाद लोहियानगर थाना पुलिस भी मौके पर पहुंचीऔर पूरे मामले की जांच करते हुए युवक का बयान लिया है। युवक ने अपने कूदने का कारण अपनी बीमारी बताया। 7 मार्च को भर्ती हुआ था मरीज बताया गया कि एनएएमएस अस्पताल में 2 दिन पहले यानि शनिवार 7 मार्च को अमन उम्र 24 साल इलाज के लिए आया था। फतेहउल्लापुर के रहने वाले अमन को तेज बुखार था। वो अस्पताल में शनिवार को भर्ती हुआ था। आज सोमवार को अचानक अमन अस्पताल में ऊपर की ओर पहुंचा और कूद गया है। हॉस्पिटल स्टाफ ने उसे देखा और तुरंत आईसीयू में भर्ती किया। मौके पर मां, बुआ, दोस्त भी पहुंचा
अमन की मां रोशनी भी बेटे के गिरने की सूचना पर तुरंत अस्पताल पहुंची। रोशनी का रो रोकर बुरा हाल है। लेकिन जब बेटे से बात हो गई। देखा बेटा पूरी तरह ठीक है तो रोशनी को सुकून मिला। मां ने कहा कि बेटे को 2 दिन पहले बुखार आने पर यहां अस्पताल में लाए थे7 लेकिन आज अचानक पता नहीं वो कैसे गिर गया। हम नहीं जानते वो कूदा या किसी ने गिराकर धक्का दिया। हमें बेटे से पहले मिलने भी नहीं दिया गया। डॉक्टर कहते रहे कि उसका इलाज कर रहे हैं। डॉ. सत्यप्रकार ही बेटे को देख रहे थे। लेकिन बेटे से बात करने के बाद राहत मिली है। दोस्त बोला हमें मिलने नहीं दिया मौके पर अमन का दोस्त सागर भी पहुंच गया। सागर ने भी डॉक्टरों से कहा कि उसके दोस्त से मिलने दें उसकी हालत कैसी है। लेकिन डॉक्टरों ने परिवार से किसी को नहीं मिलने दे रहे हैं। हमें बताया जाए कि वो कैसा है। अस्पताल में अमन की मां रोशनी के साथ उसकी बुआ भी पहुंची। बुआ का रोकर बुरा हाल है। उन्होंने कहा कि जब तक परिवार को बच्चे से मिलने नहीं देंगे हमें कैसे पता चले वो कैसा है। हमने कई बार डॉक्टरों से कहा कि हम मरीज से मिलवादो लेकिन मिलने नहीं दिया। सीएमओ बोले दिमागी हालत सही नहीं थी सीएमओ डॉ. अशोक कटारिया का कहना है कि अस्पताल में एक मरीज इलाज के लिए गया था। उसकी मानसिक स्थिति सही नहीं था। अचानक मरीज ने अस्पताल में खिड़की की तरफ लगे कांच में हाथ मार दिया। इससे कांच टूट गया और मरीज नीचे गिर गया। हालत गंभीर है वो अस्पताल में भर्ती है, उसका इलाज चल रहा है। बाकी मामले की जांच की जा रही है। पुलिस के सामने दिया बयान इंस्पेक्टर सुमित तोमर का कहना है कि 7 मार्च को भर्ती हुआ था। मानसिक रूप से कमजोर है। मरीज ने अपना बयान दिया है कि वो स्वयं कूदा था। मरीज ठीक है उसको जो चोट आई है उसका इलाज कर दिया गया है। अब वो खतरे से बाहर है। अमन पूरी तरह बोल रहा है, परिवार से मिलकर बात भी की है। डॉ. सत्यप्रकाश ने मरीज का पूरा इलाज किया है अब वो सही है। खतरे से बाहर अमन ये बोला
अमन पुत्र सीताराम ने बताया कि वो फतेहउल्लापुर का निवासी है। बोला थोड़ा घबरा गया था अचानक कूद गया। कहा मुझे अस्पताल से परेशानी नहीं हैं। बस यहां डर लग रहा है। घर पर कंफर्टेबल रहता हूं। इलाज से या स्टाफ से कोई परेशानी नहीं हैं। मुझे किसी ने पुश नहीं किया। मैं अब घर जाना चाहता हूं। मैं डर गया था वो डर बढ़ गया था और मैं कूद गया। अब मैं घर जाना चाहता हूं। मुझे किसी से दिक्कत नही हैं। मेरे हाथ, पैर में चोट लगी है जिसको पट्टी कर दिया है। बाकी मैं ठीक हूं। मुझे थोड़ा दर्द है। कोई दिक्कत, परेशानी नहीं है। मन में कुछ बुरे ख्याल आ रहे थे। मुझे घर जाना है।