मेरठ में मर्चेंट नेवी ऑफिसर सौरभ राजपूत हत्याकांड में कैब ड्राइवर अजब सिंह की गवाही हुई। अजब सिंह वो कैब चालक है जिसके साथ मुस्कान-साहिल दोनों उत्तराखंड, हिमाचल घूमने निकल गए थे। बता दें कि 3 मार्च को मुस्कान-साहिल ने मिलकर सौरभ की हत्या कर दी थी। इसके बाद दोनों घूमने निकल गए। इसके बाद मुस्कान-साहिल उत्तराखंड, हिमाचल से घूमकर वापस मेरठ लौटे। 18 मार्च को सौरभ हत्याकांड का खुलासा किया गया। मेरठ जिला जज के यहां सौरभ हत्याकांड केस की सुनवाई चल रही है। जिसमें अब तक 13 गवाहों के बयान हो चुके हैं। पूर्व जिला जज संजीव पांडे के चार्ज लेने के बाद ये केस ट्रायल पर आया था। संजीव पांडे का तबादला होने के बाद शुक्रवार को पहली बार नए जिला जज अनुपम कुमार के सामने केस में गवाही हुई है।
कैब ड्राइवर अजब सिंह से मुस्कान-साहिल की वकील रेखा जैन ने ये सवाल पूछे सवाल- तुम मुस्कान-साहिल को कहां लेकर गए थे? जबाव- मंसूरी, शिमला, कसौल गए थे। सवाल- क्या तुम्हें पुलिसवाले लेकर गए थे? जबाव- नहीं ऐसा नहीं है। सवाल- मुस्कान-साहिल किन होटलों में रुके थे? जबाव- कुछ होटलों के नाम याद हैं सारे याद नहीं हैं। सवाल- क्या पूरे ट्रिप के दौरान तुम मुस्कान, साहिल के साथ थे? जबाव- मैं उन्हें कुछ प्वाइंट्स पर छोड़ देता फिर वो पैदल घूमते। इसके बाद वो आकर गाड़ी में बैठ जाते। सवाल- मुस्कान-साहिल ने आपकी टैक्सी कैसे बुक की थी? जबाव- मुझे अपनी ट्रैवल एजेंसी के थ्रू ही इनकी बुकिंग मिली थी। सवाल- कौन सी गाड़ी से मुस्कान साहिल को लेकर गए थे? जबाव- सफेद रंग की स्विफ्ट डिजायर गाड़ी है। सवाल- कब से कब तक तुम मुस्कान साहिल के साथ रहे? जबाव- 4 मार्च 2025 से 17 मार्च 2025 तक इनके साथ रहा था। सवाल- आप गाड़ी की बुकिंग कैसे करते हैं? जबाव- कांट्रेक्ट पर लेकर गाड़ी चलाता हूं। 3 ट्रेवल एजेंसी श्री बालाजी रिठानी, विकास और एक अन्य तीनों के लिए काम करता हूं। यहीं से मुझे बुकिंग मिलती है। सवाल- मुस्कान-साहिल की बुकिंग कैसे मिली? जबाव- विकास वाली एजेंसी से मुझे फोन के जरिए बताया गया था कि इनकी बुकिंग है मुझे लेकर जाना है। 3 घंटे तक चली जिरह सीनियर एडवोकेट और सौरभ राजपूत की तरफ से केस लड़ रहे विजय बहादुर सिंह ने बताया कि कैब चालक के बयानों पर जिरह हुई है। उससे पूछा गया कि क्या पुलिस ने आपको जबरन गवाह बनाया है। आप मुस्कान-साहिल को लेकर नहीं गए थे ये झूठ है। लेकिन कैब चालक ने स्पष्ट कहा कि ऐसा नहीं है जो बताया सच बताया है। पूछा कि अपने वकील के बताने पर आप ये बातें बता रहे हैं इन्होंने कहा ऐसा नहीं है। लगभग 3 घंटे जिरह चली है।
अब तक 13 गवाहों की गवाही पूरी सौरभ हत्याकांड में अब तक 13 गवाहों के बयान हो चुके हैं। इसमें सौरभ का बड़ा भाई राहुल, सौरभ की मां रेणू देवी, पोस्टमार्टम करने वाले डॉक्टर, जांच अधिकारी, सौरभ के दोस्त, मुस्कान को दवा लिखने वाले डॉक्टर, ड्रम काटने वाले मजदूर, ड्रम विक्रेता, चाकू विक्रेता, सीमेंट विक्रेता, दवा विक्रेता सभी के बयान हो चुके हैं। आज शुक्रवार को कैब चालक अजब सिंह के बयान पर क्रॉस किया गया। बता दें कि मेरठ जिला जज की कोर्ट में सौरभ राजपूत हत्याकांड के मुकदमे का ट्रायल चल रहा है। अब तक केस में 13 गवाहों की गवाही पूरी हो चुकी है। अब 14वें गवाह के बयान होंगे। इसके लिए अगली तारीख दी जाएगी। ये था पूरा मामला लंदन के एक मॉल में काम करने वाला सौरभ राजपूत पूर्व में नेवी मर्चेंट में कार्यरत था। वह 24 फरवरी 2025 को मेरठ आया था। उसने 25 फरवरी को बेटी पीहू और 27 फरवरी को पत्नी मुस्कान का जन्मदिन मनाया था। तीन मार्च की रात उसकी पत्नी मुस्कान रस्तोगी ने प्रेमी साहिल शुक्ला के साथ मिलकर उसकी हत्या कर दी थी। बाद में दोनों ने शव के टुकड़े कर उन्हें प्लास्टिक के नीले ड्रम में सीमेंट से भरकर छिपाया था। 18 मार्च को हत्याकांड का खुलासा हुआ था।