सीएम योगी आज विदेश दौरे के लिए रवाना होंगे। दो दिन सिंगापुर में रहने के बाद 25 फरवरी को जापान पहुंचेंगे। उनके पहुंचने से पहले जापान की कुछ तस्वीरें और वीडियो सामने आए हैं। इनमें राजधानी टोक्यो की कुछ सड़कों पर भगवा झंडे लगे नजर आ रहे हैं। भारतीय समुदाय सीएम के स्वागत की तैयारियों में जुटा है। वीडियो में दिख रहा है कि प्रवासी भारतीय ‘भारत माता की जय’ और ‘जय श्री राम’ के नारे लगा रहे हैं। उनका कहना है कि यह स्वागत सिर्फ एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि विदेश में बसे भारतीयों की सांस्कृतिक एकता और श्रद्धा का जीवंत प्रदर्शन है। योगी के आने से भारत-जापान संबंध और मजबूत होंगे। विशेषज्ञों का मानना है कि योगी के दौरे के दौरान दोनों देशों के बीच निवेश, तकनीक और सांस्कृतिक आदान-प्रदान को लेकर भी चर्चा होने की संभावना है। इससे यूपी और जापान के बीच सहयोग के नए रास्ते खुल सकते हैं। योगी का दौरा भारत और जापान के बीच आध्यात्मिक और सांस्कृतिक संबंधों को नई ऊर्जा देगा। योग, ध्यान और भारतीय परंपराओं के प्रति जापान में पहले से ही रुचि है। ऐसे में यह यात्रा इन संबंधों को और मजबूत करने में अहम भूमिका निभा सकती है। जापान के माहौल की 3 तस्वीरें- योगी के दौरे पर भारतीय समुदाय ने क्या-क्या कहा? जानिए हनुमान मंदिर के दर्शन करेंगे
दैनिक भास्कर को मिली जानकारी के अनुसार, जापान प्रवास के दौरान मुख्यमंत्री एक हनुमान मंदिर में भी दर्शन करेंगे। यह मंदिर राजधानी टोक्यो से करीब 40–50 किलोमीटर की दूरी पर स्थित बताया जा रहा है। इस यात्रा को सांस्कृतिक और धार्मिक जुड़ाव के नजरिए से भी अहम माना जा रहा है। सैंडल की जगह जूते पहन सकते हैं
सीएम के फुटवियर को लेकर भी चर्चा है। आमतौर पर सर्दी हो या गर्मी, योगी आदित्यनाथ सैंडल पहनते हैं। लेकिन, इस विदेश दौरे में वे औपचारिक जूते (शूज़) पहन सकते हैं। इसे अंतरराष्ट्रीय प्रोटोकॉल और मौसम दोनों से जोड़कर देखा जा रहा है। 600 किमी रफ्तार वाली मैग्लेव में सफर करेंगे सीएम योगी आज सिंगापुर के लिए रवाना होंगे
सीएम ऑफिस के अनुसार, आज मुख्यमंत्री योगी सिंगापुर के लिए रवाना होंगे। सीएम का दौरा 23 व 24 फरवरी को सिंगापुर और 25 व 26 फरवरी को जापान में प्रस्तावित है। इस दौरे का मुख्य उद्देश्य निवेश आकर्षित करना, औद्योगिक सहयोग बढ़ाना और उत्तर प्रदेश में विदेशी निवेश को प्रोत्साहित करना बताया जा रहा है। हालांकि, यह पहली बार नहीं है जब किसी संवैधानिक पद पर बैठे व्यक्ति ने पारंपरिक परिधान में विदेश यात्रा की हो, लेकिन ऐसा कम ही देखने को मिलता है। समर्थकों के अनुसार यह भारत की सांस्कृतिक पहचान को वैश्विक मंच पर प्रस्तुत करने का प्रतीक है, वहीं विपक्ष इसे प्रतीकात्मक राजनीति से जोड़कर देख रहा है। सीएम बनने के बाद मॉरीशस-म्यांमार की विदेश यात्रा की थी
योगी आदित्यनाथ पहली बार मुख्यमंत्री बनने के बाद विदेश दौरे पर अगस्त 2017 में गए थे। उनकी पहली विदेशी यात्रा म्यांमार की थी। यह दौरा 5 से 7 अगस्त 2017 के बीच हुआ। इस दौरान वे एक अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन में शामिल हुए थे। इसके बाद वे नेपाल, मॉरीशस, रूस के दौरे पर भी गए। योगी आदित्यनाथ मूलतः एक नाथ संप्रदाय के संन्यासी हैं और वर्षों से सार्वजनिक जीवन में भगवा वेशभूषा ही धारण करते आए हैं। मुख्यमंत्री बनने के बाद भी उन्होंने अपने इसी परिधान को बनाए रखा, चाहे वह देश के कार्यक्रम हों या विदेश यात्राएं। केशव मौर्य पहुंचे जर्मनी
वहीं, डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल रविवार शाम जर्मनी पहुंच गया। फ्रैंकफर्ट में काउंसिल जनरल ने उनका स्वागत किया। मौर्य के साथ प्रतिनिधिमंडल में आईटी मंत्री सुनील शर्मा, योजना विभाग के अपर मुख्य सचिव आलोक कुमार और सीएम योगी के OSD संजीव सिंह भी शामिल हैं। केशव मौर्य ने सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए कहा कि फ्रैंकफर्ट हवाई अड्डे पर भारत की काउंसिल जनरल शुचिता किशोर से आत्मीय स्वागत मिला। मेरा विश्वास है कि यह यात्रा ‘Invest UP’ को प्रोत्साहित करने और यूपी के लिए निवेशकों एवं प्रमुख हितधारकों से संवाद स्थापित कर सार्थक निवेश आकर्षित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम सिद्ध होगी। ——————— ये खबर भी पढ़िए- आशुतोष महाराज की अविमुक्तेश्वरानंद को चुनौती- मेडिकल कराएं:उन्हें शंकराचार्य मान लूंगा, वो आसाराम के बाबा, जेल में रहना चाहिए ‘मैं आपको (शंकराचार्य को) चुनौती देता हूं। आप दूध के धुले हैं, सरकारी मेडिकल कॉलेज में अपना मेडिकल करवा लें। मैं आपको शंकराचार्य मान लूंगा। अपने शिष्य मुकुंदानंद का भी मेडिकल करवा दें। उसमें साफ आ जाएगा कि आप ब्रह्मचारी हैं या नहीं।’ यह कहना है आशुतोष महाराज का। पॉक्सो कोर्ट ने शंकराचार्य पर FIR दर्ज कराने के आदेश दिए। इसके बाद दैनिक भास्कर ने शिकायत करने वाले आशुतोष महाराज से बात की। पूरी खबर पढ़िए