सुग्रीव पथ रामभक्तों को सीधे पहुंचाएगा अंगद टीला:दीप नृत्य, प्रभु आराधना और श्रीसूक्त-सहस्रनाम पाठ से गूंजा राम मंदिर

श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ने प्रतिष्ठा द्वादशी का भव्य और विस्तृत कार्यक्रम जारी किया है। यह कार्यक्रम 27 दिसंबर से शुरू होकर 2 जनवरी तक चलेगा। शुभारंभ के पांच दिन पूजन जगद्गुरु मध्वाचार्य जी की देखरेख में संपन्न होंगे। सांस्कृतिक कार्यक्रम 29 दिसंबर की सांयकाल से 2 जनवरी तक पांच दिन तक आयोजित किए जाएंगे। तीर्थ क्षेत्र के महामंत्री चंपत राय ने बताया कि अयोध्या धाम में एक नया मार्ग भी सृजित किया गया है। अब कार्यक्रम स्थल अंगद टीला तक पहुंचने के लिए सुग्रीव पथ से जाना होगा। मोहक दीपनृत्य के साथ प्रभु आराधना
कार्यक्रम में बंगलुरू की कलान्विता संस्था की कलाकारों ने मोहक दीप-नृत्य के साथ प्रभु आराधना की अनुपम छटा प्रस्तुत की। दिग्पालों की स्तुति, षोडश मंगलम, पुष्पार्चन, गणेश वंदना, और “श्रीराम चन्द्र कृपालु भज मन” आदि मंत्रों को अत्यंत मनोहारी रूप में पेश किया गया। सांध्य बेला में एक घंटे तक चले इस नृत्य आराधना कार्यक्रम ने सभी उपस्थितजनों को भावविभोर कर दिया। प्रस्तुति में विदुषी सुरक्षा दीक्षित, निरंजना बीके, नूपुर बेड़ियां और विदुषी पृथ्वी जाना ने भाग लिया। महाराष्ट्र की 203 मातृ-शक्तियों ने श्रीसूक्त व विष्णु सहस्रनाम पाठ किया
इसके अलावा महाराष्ट्र के शोलापुर से आए श्रद्धालुओं के एक बड़े दल ने श्रीराम जन्मभूमि मंदिर के श्रद्धालु सुविधा केंद्र (पीएफसी) सभागार में अनुष्ठान संपन्न किया। 203 मातृ-शक्तियों ने रंजना सखरे के नेतृत्व में श्रीसूक्त और विष्णु सहस्रनाम पाठ किया।