हिंदुओं को बांटी तलवार, जेल से छूटते ही जुलूस निकाला:थार-स्कार्पियो से आतिशबाजी की; लड़के चिल्लाए- देखो-देखो शेर आया…

गाजियाबाद में डासना जेल के बाहर गुरुवार को जुलूस निकाला गया। 20 Km लंबे जुलूस में चलती कारों की खिड़की से लड़के लटके दिखे। कारों से ही आतिशबाजी की गई। इस काफिले में स्कॉर्पियो, थार, फॉरच्यूनर समेत 5-6 गाड़ियां दिख रहीं। दरअसल, हिंदू रक्षा दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष पिंकी चौधरी और उसके बेटे हर्ष चौधरी को डासना जेल से रिहा कर दिया गया। दोनों पर तलवार बांटने से जुड़ा केस था। रिहा होते ही उनके सैकड़ों समर्थक जेल के बाहर इकट्‌ठा हो गए। उसके बाद पिंकी चौधरी ने जेल से अपने कार्यालय तक जुलूस निकाला। पिंकी ने चलती कार से VIDEO जारी कर कहा- राम…राम, जेल से आ गए हैं। फिर धर्म का काम करेंगे, मुझे मेरे साथी लेकर जा रहे हैं, आप भी देखिए। फिर वह कारों के काफिले को दिखाता है। जिस कार में वह जा रहा है, उसकी खिड़की पर एक लड़का बाहर निकला दिख रहा। वह लड़का ही वीडियो बना रहा था। काफिले में शामिल समर्थक कह रहे- देखो-देखो कौन आया, शेर आया-शेर आया। इस दौरान सड़क पर हूटर बजाती कारों से समर्थक नारेबाजी करते रहे। काफिला शालीमार गार्डन स्थित हिंदू रक्षा दल के कार्यालय पहुंचा। वहां पिंकी चौधरी ने कार्यकर्ताओं से मुलाकात की।
अब 4 तस्वीरें देखिए 14 जनवरी को जमानत, 24 घंटे बाद रिहाई
पिंकी चौधरी ने घर-घर तलवार बांटने के मामले में अपने ऊपर चल रहे केस में गाजियाबाद की जिला कोर्ट में जमानत अर्जी दाखिल की थी। 14 जनवरी को जज ने उसकी जमानत स्वीकार कर ली। 15 जनवरी को कागज डासना जेल पहुंचे, जिसके बाद उसे रिहा कर दिया गया। इसके बाद उसने अपने और काफिले के वीडियो बनाकर पोस्ट किए। अब पूरा मामला समझिए गाजियाबाद में बांटी थीं तलवारें
29 सितंबर, 2025 को 21 सेकेंड का एक वीडियो सामने आया था। यह गाजियाबाद के शालीमार गार्डन एरिया का था। इसमें दिख रहे लोगों के हाथ में तलवारें और फरसे थे। भारत माता की जय का नारा लगाते हुए सभी एक घर के सामने रुकते हैं। घर से बाहर निकले शख्स को तलवार थमाते हैं। उनसे कहते हैं- ये आपकी बहन-बेटियों की सुरक्षा के लिए। अगर बांग्लादेश जैसी स्थिति पैदा होती है, तो विधर्मियों से अपनी सुरक्षा के लिए। शख्स तलवार लेता है, माथे से लगाता है। फिर सभी नारा लगाते हैं- जय श्री राम। तलवार बांटने वाले हिंदू रक्षा दल के सदस्य थे। 6 जनवरी को पुलिस ने इस संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष भूपेंद्र उर्फ पिंकी चौधरी को बेटे के साथ अरेस्ट कर लिया था। 10 आरोपी पहले ही गिरफ्तार कर लिए गए थे। इनके अलावा जिन्होंने तलवारें लीं थी, वो भी हिरासत में लिए गए। इनमें एक सोसाइटी का गार्ड भी था। गार्ड की पत्नी बताती हैं कि पति सो रहे थे। संगठन वाले आए, हाथ में तलवार दे दी। पुलिस उन्हें भी पकड़कर ले गई थी। लोग बोले- अनजाने में तलवार ले ली, पुलिस ने पकड़ लिया
शालीमार गार्डन एरिया में ज्यादातर लोगों को हिंदू रक्षा दल ने तलवारें बांटी थीं, जिन्हें पुलिस ने जब्त कर लिया था। पुलिस ने जिन 10 लोगों को गिरफ्तार किया, उनमें से दो परिवारों से हमने बात की थी। हालांकि वे अपनी पहचान उजागर नहीं करना चाहते थे। इसलिए हमने सभी के नाम बदलकर पहचान छिपा दी। अरेस्ट लोगों में एक शख्स सोसाइटी में गार्ड थे। उनकी पत्नी भावना कहती हैं- मेरे पति किसी संगठन से नहीं जुड़े हैं। वे तो घर में सो रहे थे। संगठन के लोग आए और आवाज लगाई। पति गेट पर चले गए, उन लोगों ने अचानक हाथ में तलवार थमा दी और कहा कि ऐसा बोलो। मेरे पति ने बोल दिया। हमारा उनसे कोई नाता नहीं है। उसी दिन शाम को पुलिस आई और पति को ले गई। पुलिसवालों ने मुझसे कहा कि कोर्ट में जाकर बात करना। हमने भावना से पूछा कि हिंदू रक्षा दल वाले हथियार बांट रहे हैं, इसे वे सही मानती हैं या गलत? भावना कहती हैं- अभी डर का माहौल है। सबके पास हथियार होना ही चाहिए। देखो बांग्लादेश में क्या हो रहा है। यहां हम सुरक्षित नहीं हैं। ‘नहीं पता था तलवार पकड़ना इतना बड़ा जुर्म है’
भावना के घर के पास अमित की दुकान है। पुलिस ने उनके भाई को भी गिरफ्तार किया है। अमित कैमरे पर नहीं आना चाहते थे। कहते हैं- यहां तलवारें दी जा रही थीं। आसपास के कुछ लोग वहां जाकर खड़े हो गए। मेरा भाई भी दुकान के बाहर खड़ा था। तभी उसके हाथ में आकर तलवार पकड़ा दी। उसने भी पकड़ ली। तभी किसी ने फोटो ले ली। उसे नहीं पता था कि तलवार पकड़ना इतना बड़ा जुर्म है। अमित कहते हैं- हमारा इस सबसे कोई लेना-देना नहीं। यहां सब ठीक है। हम अपना काम करने वाले लोग हैं। सच बताऊं तो हम उनकी (हिंदू रक्षा दल) चीजों पर ध्यान भी नहीं देते। कोई अपराध होगा, तो उसके लिए प्रशासन है। हम क्यों हथियार उठाएंगे? ये भारत है। कहीं अगर कुछ हुआ है, तो ऐसा नहीं है कि हर जगह वैसा होगा। संगठन वाले गलत कर रहे। हिंदू-मुस्लिम, जाति की बात नहीं होनी चाहिए। पिंकी चौधरी की बेटी बोली- तलवार बांटना सही
तलवार बांटने के मामले में केस दर्ज होने के बाद हिंदू रक्षा दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष पिंकी चौधरी फरार था। इसी दौरान 3 जनवरी को उसने सोशल मीडिया पर वीडियो पोस्ट किया। इसमें कहा कि प्रशासन चाहे जो मुकदमे लगा दे, जब लौटकर आऊंगा तो मुंहतोड़ जवाब दूंगा। इससे पहले 31 दिसंबर को वीडियो जारी कर कहा था कि जो हम चाहते थे, वो करके दिखा दिया। आतंकवादियों को पता लग गया कि हिंदू अब हथियार उठाने को तैयार है। हम हटेंगे नहीं, चाहे कितने भी मुकदमे हो जाएं। 5 जनवरी को पिंकी चौधरी की बेटी करुणा चौधरी ने मीडिया से बात करते हुए आरोप लगाया कि पुलिस पूछताछ के लिए उसे थाने ले गई और घंटों वहां रखा। करुणा ने तलवार बांटने को सही ठहराया और कहा कि बहन-बेटियों की सुरक्षा के लिए हर घर में एक पिंकी चौधरी होना चाहिए। मुस्लिमों की पिटाई, भड़काऊ वीडियो, पहले भी विवादों में रहा हिंदू रक्षा दल
हिंदू रक्षा दल सांप्रदायिक नारों, मुसलमानों पर हमले और भड़काऊ बयानों की वजह से पहले भी विवादों में रहा है। पहलगाम में आतंकी हमले के बाद संगठन ने वीडियो जारी कर कहा था कि देहरादून में कहीं भी कश्मीरी मुसलमान दिखेगा, तो उसका इलाज किया जाएगा। सुबह 10 बजे से हिंदू रक्षा दल की टीम अलग-अलग इलाकों में जाएगी। हम अब सरकार के भरोसे नहीं बैठेंगे। अगस्त, 2024 में संगठन के अध्यक्ष पिंकी चौधरी और कुछ सदस्यों ने गाजियाबाद की झुग्गी बस्ती में मुसलमानों को बांग्लादेशी बताकर पीटा। झुग्गियों में तोड़फोड़ की और सांप्रदायिक नारे लगाए थे। तब पुलिस ने पिंकी चौधरी के खिलाफ केस दर्ज कर उसे गिरफ्तार किया था। कुछ महीने बाद उसे जमानत मिल गई थी। अगस्त, 2021 में दिल्ली के जंतर-मंतर पर एक रैली में खुलेआम मुसलमानों के खिलाफ नारेबाजी की गई थी। तब भी पिंकी चौधरी ने भड़काऊ बयान दिए थे। तब भी गिरफ्तारी हुई थी, लेकिन कुछ ही दिनों में वह बाहर आ गया था। …………………………. ये स्टोरी भी पढ़िए स्कैन कर बांग्लादेशी बताने वाली मशीन का सच क्या 23 दिसंबर की बात है। गाजियाबाद में कौशाम्बी थाने के SHO अजय शर्मा बिहारी मार्केट की झुग्गियों में पहुंचे। उनके साथ लोकल पुलिस और रैपिड एक्शन फोर्स (RAF) के जवान भी थे। अजय शर्मा टीम के साथ वहां रहने वालों की नागरिकता चेक करने लगे। यहीं कह गए कि मशीन तो तुम्हें बांग्लादेशी बता रही है। क्या है इस मशीन का सच, पढ़िए पूरी खबर…