छात्रा की कॉपी बदलकर टॉपर बनाया, डायरेक्टर सस्पेंड:घर पर उत्तर लिखवाए; कानपुर यूनिवर्सिटी में जांच के बाद एक्शन

कानपुर की छत्रपति शाहूजी महाराज यूनिवर्सिटी (CSJMU) के अटल बिहारी बाजपेई स्कूल ऑफ लीगल स्टडीज के डायरेक्टर डॉ. पंकज द्विवेदी को सस्पेंड कर दिया गया है। उन पर LLM सेकेंड सेमेस्टर की परीक्षा में कॉपी बदलवाकर एक छात्रा को टॉपर बनवाने का आरोप है। एक छात्र ने मामले में शिकायत की थी। जांच कमेटी को आरोप सही मिले। इसके बाद बुधवार रात उन पर एक्शन लिया गया। छात्र ने शिकायत में बताया कि मई 2025 में LLM के सेकेंड सेमेस्टर की परीक्षा हुई थी। इसमें टॉप करने वाली छात्रा को खुलेआम नकल कराई गई। उसकी कॉपी एग्जाम रूम के बजाय अलग ले जाकर लिखी गई। एग्जाम रूम में छात्रा ने जो कॉपी लिखी, वह जमा नहीं कराई गई। इससे उसे क्लास में सबसे ज्यादा नंबर मिले और वह टॉपर बन गई। आरोप है कि उत्तर की पूरी कॉपी घर पर ही लिखवा ली गई थी। इसके बाद इस कॉपी को अन्य छात्रों की कॉपी वाले बंडल में शामिल कराया गया। मामले में परीक्षा वाले दिन हॉल में ड्यूटी कर रहे निरीक्षक के फर्जी हस्ताक्षर के आरोप भी लगाए गए हैं। शुरुआती जांच में दोषी मिले डॉक्टर पंकज
CSJMU के मीडिया प्रभारी डॉ. दिवाकर अवस्थी ने बताया- यूनिवर्सिटी की शुरुआती जांच में डॉ. पंकज द्विवेदी पर लगे आरोप सही पाए गए। जांच रिपोर्ट के आधार पर यूनिवर्सिटी की अनुशासनात्मक समिति की बैठक बुधवार शाम बुलाई गई। इस बैठक के बाद समिति ने डॉ. पंकज द्विवेदी को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया। उन्हें प्रोवीसी ऑफिस से अटैच कर दिया गया। इस बीच यूनिवर्सिटी मैनेजमेंट ने मामले की शुरुआती जांच और उसकी रिपोर्ट के आधार पर डॉ. पंकज द्विवेदी के खिलाफ अगली जांच की भी संस्तुति कर दी है। वहीं, यूनिवर्सिटी मैनेजमेंट ने करियर का ध्यान रखते हुए छात्रा और शिकायत करने वाले स्टूडेंट का नाम उजागर नहीं किया है। अब छात्रा के एग्जाम दोबारा होंगे
CSJMU में हुई अनुशासनात्मक समिति ने बैठक में फैसला लिया गया कि छात्रा द्वारा दिए गए प्रश्नपत्रों की परीक्षा अमान्य मानी जाएगी। अब दोबारा से चारों सब्जेक्ट की परीक्षा कराई जाएगी। इसके बाद छात्रा का मूल्यांकन किया जाएगा। 29 अक्टूबर को जांच के आदेश हुए थे
CSJMU के मीडिया प्रभारी ने बताया- कैंपस के अटल बिहारी बाजपेई स्कूल ऑफ लीगल स्टडीज के डायरेक्टर डॉ. पंकज द्विवेदी पर परीक्षा में छात्र विशेष को अनुचित लाभ पहुंचाने का आरोप था। मामला सत्र 2024-25 के सम सेमेस्टर परीक्षा का है। मामले में एक छात्र द्वारा शिकायत किए जाने के बाद यूनिवर्सिटी मैनेजमेंट ने 29 अक्टूबर को प्राथमिक जांच के आदेश दिए थे। ———————– ये खबर भी पढ़िए- झांसी में MBA छात्रा को गोली मारी, उसके पैर बेजान: पिता का दर्द- डॉक्टर भी नहीं बता रहे, चल पाएगी या नहीं झांसी की बुंदेलखंड यूनिवर्सिटी के सामने आरोपी ने जिस गर्लफ्रेंड को गोली मारी, उसका 3 घंटे तक ऑपरेशन चला। डॉक्टरों ने रीढ़ की हड्‌डी के पास फंसी हुई गोली को तो निकाल दिया गया। मगर छात्रा कृतिका चौबे (20) के दोनों पैर सुन्न (बेजान) बताए जा रहे हैं। वह चल सकेगी या नहीं, ये अब घाव भरने के बाद ही क्लियर हो सकेगा। पढ़ें पूरी खबर…