फतेहपुर जिले के खागा कोतवाली में एक बुजुर्ग व्यक्ति की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के बाद परिजनों ने जमकर हंगामा किया। परिजनों ने कुछ लोगों पर बुजुर्ग को घर से जबरन ले जाकर मारपीट कर हत्या करने का आरोप लगाया है। इस दौरान समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता रामतीर्थ भी मौके पर पहुंचे और पीड़ित परिवार से बातचीत की। कोतवाली में हंगामा कर रही मृतक की बेटी ने आरोप लगाया कि उसके पिता से भाई को नौकरी दिलाने के नाम पर 15 लाख रुपये लिए गए थे। जब भाई को नौकरी नहीं मिली, तो धोखाधड़ी का खुलासा हुआ। पिता ने कोर्ट के माध्यम से इस संबंध में मुकदमा भी दर्ज कराया था। महिला का कहना है कि रविवार को दो गाड़ियों में कुछ लोग आए और उनके पिता को उठाकर ले गए, जिसके बाद उनकी मौत हो गई। अपर पुलिस अधीक्षक महेंद्र पाल सिंह ने बताया कि मृतक लक्ष्मीकांत द्वारा अदालत के आदेश पर थाना खागा में एक मुकदमा दर्ज कराया गया था। इसमें कामताप्रसाद गौतम सहित कई अन्य प्रतिवादी हैं। इस मामले की विवेचना थाना खागा द्वारा की जा रही है। विवेचना के क्रम में रविवार को खागा पुलिस लक्ष्मीकांत का बयान लेने उनके गांव गई थी। बयान दर्ज करने के बाद पुलिस वापस लौट आई, जिसके कुछ देर बाद लक्ष्मीकांत की अज्ञात कारणों से मृत्यु हो गई। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पोस्टमार्टम की वीडियोग्राफी भी कराई जाएगी और मृतक के घर पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी जांची जा रही है। अपर पुलिस अधीक्षक ने यह भी बताया कि मुकदमे के प्रतिवादी कामताप्रसाद गौतम ने 21 जनवरी 2024 को किशनपुर थाना में मृतक लक्ष्मीकांत त्रिपाठी के पुत्र रजनीकांत त्रिपाठी के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कराया था। इस विवेचना के दौरान मृतक की बहू शैलजा का नाम भी सामने आया है। इस मामले में मृतक के पुत्र व बहू के विरुद्ध 8,35,500 रुपए व जमीन के नाम पर बैंक खाते में प्राप्त करना और जमीन विक्रय न करना पाया गया। पुत्र व बहू के विरुद्ध आरोप पत्र न्यायालय में पेश किया जा चुका है।दोनों पक्ष एक दूसरे पर आरोप लगा रहे हैं। दोनों पक्षों के आरोपों की जांच की जा रही है।