लखनऊ में राम कथा महोत्सव का छठा दिन संपन्न:पूज्या लक्ष्मी प्रिया ने केवट प्रसंग का भावपूर्ण वर्णन किया

लखनऊ के गोमती नगर में आयोजित श्री राम कथा महोत्सव का छठा दिन श्रद्धा और आध्यात्मिक उल्लास के साथ संपन्न हुआ। इस अवसर पर पूज्या लक्ष्मी प्रिया ने भगवान श्रीराम के वन गमन और केवट प्रसंग का मार्मिक वर्णन किया। कथा स्थल पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ देखी गईं , जिससे पूरा वातावरण जय श्रीराम के उद्घोष और भक्ति संगीत से गूंज उठा। कथा वाचिका लक्ष्मी प्रिया ने अपनी ओजस्वी वाणी में बताया कि कैसे वनवास के दौरान भगवान श्रीराम निषादराज केवट से मिले। उन्होंने केवट के प्रेम, सेवा भाव और निःस्वार्थ भक्ति को मानवीय संवेदनाओं से जोड़ा। केवट द्वारा भगवान के चरण पखारने का प्रसंग सुनते ही पंडाल में मौजूद श्रद्धालुओं की आंखें नम हो गईं और सभी भावविभोर हो उठे। भगवान का केवट के प्रति प्रेम समाज में समानता का संदेश उन्होंने अपने प्रवचन में कहा कि भगवान श्रीराम का केवट के प्रति प्रेम और उनकी विनम्रता समाज में समानता, करुणा और समर्पण का संदेश देती है। प्रभु राम ने यह सिद्ध किया कि भक्ति और प्रेम के सामने कोई ऊंच-नीच नहीं होती। पूज्या लक्ष्मी प्रिया ने श्रद्धालुओं से आह्वान किया कि वे श्रीराम के आदर्शों को अपने जीवन में उतारते हुए सेवा, सहानुभूति और मानवता के मार्ग पर चलें। संगीतमय प्रस्तुतियों से वातावरण भक्तिमय हो गया कथा के दौरान प्रस्तुत किए गए भजनों और संगीतमय प्रस्तुतियों ने वातावरण को और भी भक्तिमय बना दिया। श्रद्धालु पूरी तन्मयता के साथ कथा श्रवण करते नजर आए। आयोजन समिति ने इस अवसर पर उपस्थित अतिथियों और कथा प्रेमियों का स्वागत किया। इस कार्यक्रम में स्थानीय पार्षद शैलेन्द्र वर्मा, संजय मिश्रा, रंगनाथ द्विवेदी, के.डी वर्मा, दया शंकर वर्मा, विनोद गर्ग, अतुल श्रीवास्तव, मुकेश राज, आलोक सिंह सहित क्षेत्र के अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं और राम कथा प्रेमियों की उपस्थिति ने इस आयोजन को सफल बनाया। अंत में आरती और प्रसाद वितरण के साथ कथा के छठे दिन का समापन हुआ।