विकसित भारत रोजगार योजना की पहली किश्त जल्द:गोरखपुर में 1450 से अधिक प्रतिष्ठानों का हुआ रजिस्ट्रेशन, भुगतान की तैयारी

गोरखपुर में श्रम और रोजगार मंत्रालय के तहत कर्मचारी भविष्य निधि संगठन के माध्यम से चल रही प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना को परिक्षेत्र में अच्छा समर्थन मिल रहा है। अब तक 1450 से अधिक प्रतिष्ठानों ने इस योजना में पंजीकरण कराया है। योजना का उद्देश्य पहली बार नौकरी पाने वाले कर्मचारियों को प्रोत्साहन देना और नियोक्ताओं को नए रोजगार देने में मदद करना है। EPFO ने बताया है कि योजना के तहत पहली छमाही की किश्त का भुगतान आने वाले कुछ सप्ताह में किया जाएगा। इसके लिए सभी संबंधित प्रतिष्ठानों को समय से ECR फाइल करना जरूरी है। ECR फाइल नहीं करने पर लाभ अटक सकता है विभाग के अनुसार कुछ प्रतिष्ठानों ने अगस्त माह या उसके बाद से अब तक ECR फाइल नहीं किया है। ऐसे प्रतिष्ठानों को योजना का लाभ मिलने में परेशानी हो सकती है। EPFO ने सभी से जल्द ECR फाइल करने की अपील की है। योजना का लाभ उन्हीं कर्मचारियों को मिलेगा, जिनका यूएएन डीबीटी से जुड़ा हो और फेस ऑथेंटिकेशन पूरा हो। जिन कर्मचारियों का यह काम अधूरा है, वे लाभ से वंचित रह सकते हैं। EPFO कार्यालय दे रहा सहायता
गोरखपुर का EPFO क्षेत्रीय कार्यालय नियोक्ताओं और कर्मचारियों से संपर्क कर डीबीटी सक्षमकरण और फेस ऑथेंटिकेशन की प्रक्रिया पूरी कराने में मदद कर रहा है, ताकि भुगतान में कोई दिक्कत न हो। EPFO ने सभी नियोक्ताओं और प्रतिष्ठानों से कहा है कि योजना से जुड़े सभी जरूरी काम समय पर पूरे करें। जिन प्रतिष्ठानों ने अभी तक पंजीकरण नहीं कराया है, उनसे भी तुरंत पंजीकरण कराने को कहा गया है। कर्मचारी नामांकन योजना-2025 का लाभ
कर्मचारी नामांकन योजना-2025 के तहत नियोक्ताओं को 1 जुलाई 2017 से 31 अक्टूबर 2025 के बीच ईपीएफ से बाहर रहे पात्र कर्मचारियों को जोड़ने और पुराने अनुपालन को नियमित करने का मौका दिया गया है। यह योजना 1 नवंबर 2025 से 30 अप्रैल 2026 तक लागू रहेगी।