संगीत सोम बोले-मदनी सुधर जाएं, नहीं तो लाहौर तक दौड़ाएंगे:वो बीमार कौम के बीमार मौलाना, दुष्ट का नाम लेकर माहौल मत बिगाड़िए

जमीअत उलेमा-ए-हिंद के अध्यक्ष मौलाना महमूद मदनी के जिहाद से जुड़े बयान पर बवाल थम नहीं रहा है। मुजफ्फरनगर में सरधना के पूर्व विधायक और भाजपा के कद्दावर नेता संगीत सोम ने मदनी को दुष्ट और जिहादी बताया। कहा- ऐसे बयान देश का माहौल खराब करने वाले हैं। संगीत सोम ने कहा, “ये महमूद मदनी जैसे जिहादी लोग हैं, जो जिहाद को अच्छा बता रहे हैं। कहते हैं कि अच्छे काम के लिए जिहाद नहीं छोड़ेंगे। ये बीमार कौम के बीमार मौलाना हैं।” सोम यहीं नहीं रुके, उन्होंने चेतावनी भरे अंदाज में कहा, “मैं महमूद मदनी को बताना चाहता हूं कि ऐसे बयान बंद करें… वरना लाठी लेकर लाहौर तक दौड़ा कर आएंगे।” संगीत सोम मुजफ्फरनगर में गुरुवार देर रात एक शादी समारोह में शामिल होने आए थे। इस दौरान उन्होंने मदनी से जुड़े सवाल पूछने पर पत्रकारों से नाराजगी जताई। कहा, “तुमने पूरी शादी का माहौल खराब कर दिया… किस दुष्ट का नाम ले रहे हो? इनकी चर्चा मत किया करो।” सोम ने रामपुर सांसद मोहिबुल्लाह नदवी पर भी निशाना साधा। कहा, “सांसद मानसिक रूप से परेशान हैं…इनके बारे में बात ही मत करो।” बता दें कि मोहिबुल्लाह नदवी ने मदनी के बयान का समर्थन किया था। मौलाना महमूद को वो बयान पढ़िए, जिस पर विवाद
29 नवंबर को जमीयत प्रेसिडेंट ने भोपाल में नेशनल गवर्निंग बॉडी की मीटिंग के दौरान जिहाद शब्द के बारे में कहा था कि इस्लाम और मुसलमानों के दुश्मनों ने जिहाद को गाली, झगड़े और हिंसा का मतलब बना दिया है। आज लव जिहाद, लैंड जिहाद, तालीम जिहाद, थूक जिहाद, वोट जिहाद जैसे शब्दों का इस्तेमाल मुसलमानों की आस्था का अपमान करने के लिए किया जाता है। बदकिस्मती से सरकार और मीडिया के लोगों को ऐसे शब्दों का इस्तेमाल करने में कोई शर्म नहीं आती। विवाद बढ़ने पर मौलाना मदनी से 2 दिन पहले सफाई दी है। न्यूज एजेंसी ANI को दिए एक इंटरव्यू में मदनी ने कहा कि उनके बयान से होने वाले किसी भी कन्फ्यूजन की जिम्मेदारी वे खुद लेते हैं। उनके शब्दों को उनके पूरे कॉन्टेक्स्ट के अलावा गलत समझा गया है। उनका इरादा जिहाद के पवित्र और ऐतिहासिक मतलब को हाईलाइट करना था। लेकिन, वे यह पक्का करने की जिम्मेदारी नहीं निभा सके कि इसका गलत मतलब न निकाला जाए। संगीत सोम के 5 चर्चित बयान पढ़िए 1. स्तर नहीं है, संजीव बालियान का मुझसे बात करने का
2024 लोकसभा चुनाव के दौरान संगीत सोम ने मुजफ्फरनगर से सांसद रहे संजीव बालियान को लेकर विवादित बयान दिया था। यहां प्रधानमंत्री की रैली के बाद संगीत सोम ने कहा कि स्तर नहीं हैं संजीव बालियान का मुझसे बात करने का। यह बयान बालियान के चुनाव प्रचार में जाने के सवाल पर दिया था। कहा था कि मैं जातिवाद नहीं विकास की राजनीति करता हूं। 2. कुछ मुस्लिमों को वैज्ञानिकों पर भरोसा नहीं, ऐसे लोग पाकिस्तान जा सकते हैं
सरधना विधायक रहते हुए संगीत सोम ने बयान दिया था कि देश के कुछ मुस्लिमों को हमारे वैज्ञानिकों और पुलिस पर भरोसा नहीं। वे प्रधानमंत्री पर भी विश्वास नहीं करते। लेकिन, उन्हें पाकिस्तान पर भरोसा है। ऐसे लोग चाहें तो पाकिस्तान जा सकते हैं, लेकिन वैज्ञानिकों पर शक नहीं करें। यूपी के चंदौसी में सोम ने यह बयान कोरोना वैक्सीन पर सवाल उठाने वालों को दिया था। ‘केजरीवाल की बुद्धि भ्रष्ट हो गई’ आप के विधायक सोमनाथ भारती को लेकर कहा कि कुछ महीने जेल में बिताने की वजह से सोमनाथ गुंडों जैसी बातें करते हैं। 3. अखिलेश इस सल्तनत के आखिरी शासक होंगे
यूपी में एक सभा में संगीत सोम ने सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव पर विवादित टिप्पणी की थी। कहा -अखिलेश ने UP को मुगल सल्तनत बना दिया था’अखिलेश इस सल्तनत के आखिरी शासक होंगे, क्योंकि उन्हें अब दूसरा मौका नहीं मिलेगा। 4. सीएम के चपरासी लायक भी नहीं है आजम खान
झांसी के उरई में एक सभा में संगीत सोम ने सपा नेता आजम खान को चपरासी तक कह दिया। उन्होंने कहा कि मेरा बस चले तो आजम को सीएम का चपरासी भी नहीं बनने दूंगा। यूपी में कई लोग आजम खान को सीएम बनाने की मांग करने वाले होर्डिंग लखनऊ और अन्य जगह लगा रहे हैं। जबकि, आजम इस लायक तो क्या चपरासी लायक भी नहीं हैं। 5. बच्चे पैदा करने के अलावा और कुछ भी अल्लाह की देन
संगीत सोम ने जनसंख्या कानून पर विधायक संगीत सोम ने कहा कि कुछ लोग कह रहे हैं कि बच्चे पैदा करना अल्लाह की देन है। लेकिन बच्चे पैदा करने के अलावा भी बहुत कुछ अल्लाह की देन है। मेरठ सीसीएसयू में जिला पंचायत अध्यक्ष, सदस्यों के शपथ ग्रहण समारोह में ये बयान दिया था। ये मौलाना देश को पीछे ले जाना चाहते हैं। अब जानिए संगीत सोम… संगीत सिंह सोम ने बसपा से अपने करियर की शुरुआत की थी। इसके बाद बीजेपी, सपा और फिर बीजेपी में आ गए। मेरठ और मुजफ्फरनगर में राजपूत महापंचायत आयोजित करने की वजह से सोम बसपा नेताओं की नजर में आए थे। 2007 में बीएसपी ने सरधना से उन्हें टिकट देने का फैसला किया था, लेकिन जब सोम को पता चला कि उनका टिकट कट गया तो उन्होंने पार्टी छोड़ दी। 2013 में मुजफ्फरनगर में हुए दंगों में संगीत सोम का नाम शामिल रहा है। इसके लिए वो जेल भी जा चुके हैं। साल 2009 में जब बीजेपी ने उन्‍हें लोकसभा का टिकट नहीं दिया तो उन्‍होंने पार्टी को अलविदा कह दिया और सपा में शामिल हो गए। सपा ने उन्हें मुजफ्फरनगर लोकसभा सीट से टिकट दिया, लेकिन सोम यहां चुनाव हार गए। 2011 में सोम फिर से बीजेपी में शामिल हो गए। सरधना विधानसभा से भाजपा के टिकट पर चुनाव लड़ा और विधायक बने थे। आखिरी में मौलाना मदनी के बारे में जानिए ————————– ये खबर भी पढ़िए- अफसरों से बोला-वादा करो घूस नहीं लोगे, वरना कूद जाऊंगा:मुरादाबाद में ऑफिस की बिल्डिंग पर चढ़ा युवक; 40 मिनट तक ड्रामा किया ‘वादा करो घूस नहीं मांगोगे। नहीं तो यहां से कूदकर जान दे दूंगा। सरकारी योजनाओं का लाभ पाने के लिए 6 महीने से ऑफिस के चक्कर लगा रहा, लेकिन अफसर घूस मांग रहे हैं।’ ये बातें मुरादाबाद में डिप्टी लेबर कमिश्नर (DLC) ऑफिस बिल्डिंग की चौथी मंजिल पर चढ़े युवक ने चिल्लाते हुए कहीं। गुरुवार दोपहर करीब दो बजे वह बिल्डिंग पर चढ़ गया। जोर-जोर से चिल्लाने लगा। आवाज सुनकर ऑफिस के कर्मचारी भागकर बाहर आए। उसे समझाने की काफी कोशिश की, लेकिन युवक जिद पर अड़ा रहा। पढ़ें पूरी खबर…