प्रदेश में एलपीजी सिलेंडर की कालाबाजारी और जमाखोरी पर प्रदेश में अब तक 96 लोगों के खिलाफ कुल 86 एफआईआर की गई है और 11 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। सीएम योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर 12 से 17 मार्च तक चलाए गए विशेष अभियान में बड़े पैमाने पर छापेमारी की गई। इस दौरान कुल 5813 स्थानों का निरीक्षण किया गया। जिसके बाद 12 एफआईआर एलपीजी वितरकों के खिलाफ और कालाबाजारी में शामिल लोगों के खिलाफ 74 FIR दर्ज हुईं। कार्रवाई में 11 लोगों को गिरफ्तार किया गया और 85 व्यक्तियों के खिलाफ अभियोजन की प्रक्रिया शुरू की गई। वितरकों के खिलाफ बुकिंग के मुताबिक रिफिल उपलब्ध सरकार की ओर से दावा किया गया है कि प्रदेश के 4108 एलपीजी वितरकों के पास बुकिंग के मुताबिक रिफिल उपलब्ध हैं और उपभोक्ताओं को समय पर डिलीवरी सुनिश्चित की जा रही है। वितरकों के पास पर्याप्त स्टॉक है और जरूरत के अनुसार घरेलू रिफिल दिए जा रहे हैं। वहीं कामर्शियल सिलेंडरों के लिए केंद्र सरकार ने कुल खपत का 20 प्रतिशत आवंटन की अनुमति दी है, जिससे बाजार में संतुलन बना हुआ है। लखनऊ में बनाया गया कंट्रोल रूम सरकार की ओर से जारी विज्ञप्ति में बताया गया है कि निगरानी के लिए खाद्य आयुक्त कार्यालय में 24 घंटे कंट्रोल रूम सक्रिय है, जहां पेट्रोलियम उत्पादों के वितरण से जुड़ी सूचनाओं का आदान-प्रदान हो रहा है और समस्याओं का तुरंत समाधान किया जा रहा है। होम कंट्रोल में भी खाद्य एवं रसद विभाग के अधिकारी-कर्मचारी तैनात हैं। हर जिले में स्थानीय कंट्रोल रूम भी चालू रखे गए हैं ताकि स्थिति पर लगातार नजर बनी रहे।