हमीरपुर के बिवांर थाना क्षेत्र में मंगलवार को एक नाबालिग लड़की का तमंचे के बल पर अपहरण कर लिया गया। वारदात बिच्छू गैंग से जुड़े एक हिस्ट्रीशीटर अपराधी और उसके साथियों द्वारा अंजाम दी गई। घटना के बाद गांव में अफरा-तफरी मच गई। ग्रामीणों ने साहस दिखाते हुए आरोपियों का पीछा किया, जिसमें तीन आरोपियों को पकड़ लिया गया, जबकि मुख्य आरोपी किशोरी को लेकर विरमा नदी पार कर फरार हो गया। पीड़िता के पिता ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि मंगलवार को उनकी 17 वर्षीय बेटी शौच के लिए जा रही थी। इसी दौरान गांव का रिंकू उर्फ डूंगर राजपूत अपने तीन साथियों—बउआ उर्फ शिवविशाल वर्मा, ऋषि यादव निवासी महेरा और दुर्गेश कुमार खंगार निवासी खड़ेहीलोधन—के साथ मौके पर पहुंचा। आरोप है कि आरोपियों ने तमंचे के बल पर किशोरी का अपहरण कर लिया और विरोध करने पर गोली मारने की धमकी दी। किशोरी के शोर मचाने पर आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और आरोपियों का पीछा किया। पीछा करते-करते ग्रामीण दुर्गा मंदिर तक पहुंचे। इसी दौरान एक आरोपी नाले में गिरकर घायल हो गया। जब उसके दो साथी उसे उठाने लगे, तभी ग्रामीणों ने तीनों आरोपियों को दबोच लिया। वहीं मुख्य आरोपी रिंकू तमंचा लहराते हुए किशोरी को जबरन लेकर विरमा नदी पार कर फरार हो गया। हथियार बरामद, सर्च ऑपरेशन जारी पकड़े गए आरोपियों बउआ और दुर्गेश के पास से दो 315 बोर के तमंचे और तीन जिंदा कारतूस बरामद किए गए हैं। सूचना मिलने पर मौदहा क्षेत्राधिकारी मौके पर पहुंचे। पुलिस ने करीब तीन घंटे तक इलाके में सघन सर्च अभियान चलाया, लेकिन अपहृत किशोरी का कोई सुराग नहीं लग सका। घायल आरोपी ऋषि यादव को इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया है। पीड़िता के पिता की तहरीर पर चारों आरोपियों के खिलाफ अपहरण और मारपीट सहित गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। सीओ राजकुमार पांडेय ने बताया कि मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी और किशोरी की सुरक्षित बरामदगी के लिए कई पुलिस टीमें गठित की गई हैं और लगातार दबिश दी जा रही है।