फिरोजाबाद में गुरुवार को हाईटेंशन लाइन का तार टूटकर 2 युवकों पर गिर गया। इससे दोनों की जिंदा जलकर मौत हो गई। करीब 15 मिनट तक दोनों की बॉडी जलती रही और तारों में करंट दौड़ता रहा। गांववालों ने दोनों को जलता देखकर शोर मचाया। इसके बाद लाइन बंद कराई गई। हादसे के बाद आक्रोशित गांववालों ने हंगामा किया और शव नहीं उठने दिए। लोगों ने मृतकों के घरवालों को 50 लाख रुपए मुआवजा देने की मांग की। करीब 4 घंटे तक चले हंगामे के बाद पुलिस और एसडीएम ने लिखित आश्वासन दिया। इसके बाद लोग माने और शव पोस्टमॉर्टम के लिए भेजे गए। वहीं, देर रात लाइनमैन और एसएसओ को हटा दिया गया है। मामला एका क्षेत्र का है। परिवार के इकलौते सहारे थे भूपेंद्र और प्रदीप एका के नगला बाबन पट्टी में रहने वाले भूपेंद्र (28) और प्रदीप शाक्य (28) सुबह घर से जा रहे थे। इसी दौरान गांव के बाहर ट्यूबवेल सप्लाई के लिए गुजर रहा 11 हजार वोल्ट का हाईटेंशन लाइन का तार अचानक टूटकर उनके ऊपर गिर गया। दोनों जब तक कुछ समझ पाते, करंट की चपेट में आकर जलने लगे। यह देखकर गांववाले दौड़े। लेकिन, करंट के चलते कोई पास नहीं जा सका। करीब 15 मिनट तक दोनों जिंदा जलते रहे। प्रदीप शाक्य के पिता अशोक कुमार की 5 महीने पहले बीमारी से मौत हो चुकी है। प्रदीप के 2 छोटे भाई अवनीश और संजू हैं। पिता की मौत के बाद से प्रदीप ही दोनों भाइयों का खर्च उठाता था। उसके पास खेती की जमीन भी है, इसलिए मजदूरी करता था। प्रदीप की शादी 6 साल पहले हुई थी। पत्नी निशा प्रेग्नेंट है। पति की मौत के बाद से वह रोते-रोते बेहोश हो जा रही है। मां फूला देवी का भी रो-रोकर बुरा हाल है। वहीं, भूपेंद्र के पिता जगदीश की भी 5 साल पहले बीमारी से मौत हो गई थी। इसके बाद परिवार की पूरी भूपेंद्र पर ही थी। भूपेंद्र के तीन भाई लाल सिंह, गिरेंद्र और सुरेंद्र हैं। सभी की शादी हो चुकी है और अलग-अलग रहते हैं। भूपेंद्र के पास 2 बीघा जमीन है। उसकी शादी 4 साल पहले हुई थी। भूपेंद्र की मौत के बाद पत्नी सुमन के सामने 2 बेटों और एक बेटी की परवरिश की जिम्मेदारी आ गई है। मां जलदेवी बेटे की मौत से बदहवास हैं। ग्रामीणों का हंगामा, मुआवजे की मांग पर अड़े पुलिस शव उठाने लगी तो भड़के ग्रामीण
घटना की सूचना मिलते ही थानाध्यक्ष संजुल पांडे पुलिस फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजने का प्रयास किया, लेकिन गांववाले आक्रोशित हो गए। गांववालों ने बिजली विभाग के बड़े अफसरों को मौके पर बुलाने की मांग की। थानाध्यक्ष की सूचना पर सीओ जसराना प्रेम प्रकाश पांडे, तहसीलदार रवीश कुमार, कानूनगो रामनिवास सिंह और लेखपाल चंद्रशेखर घटनास्थल पर पहुंचे। गांववालों ने मृतकों के परिजनों को पांच-पांच बीघा जमीन और 50-50 लाख रुपए मुआवजा देने की मांग रखी। उपजिलाधिकारी न्यायिक अब्बास नकवी भी मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया। करीब चार घंटे बाद अधिशासी अभियंता राहुल कुमारऔर उप खंड अधिकारी बृजेश कुमार भी मौके पर पहुंचे। तहसीलदार रवीश कुमार और क्षेत्राधिकारी प्रेम प्रकाश पांडे ने भी गांववालों को समझाया। बड़ी मुश्किल से माने गांववाले
बिजली विभाग और राजस्व विभाग की ओर से मृतकों के घरवालों को पांच-पांच लाख रुपए की आर्थिक सहायता, पांच-पांच बीघा जमीन का पट्टा, दोषी लाइनमैन, अवर अभियंता और अन्य कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई का लिखित आश्वासन दिया गया। इसके बाद गांववालों ने शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए उठाने दिया।
लाइनमैन और एसएसओ को हटाया
SDO बृजेश कुमार ने बताया- लाइनमैन मुरारी खान और बिजलीघर पर तैनात एसएसओ की संविदा समाप्त कर दी गई है। जो भी दोषी होगा, उसके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी। 2 दिन में पूरी लाइन ठीक करा दी जाएगी। वहीं, अधिशासी अभियंता राहुल सिंह ने कहा- लापरवाही की जांचकर कार्रवाई की जाएगी। मृतकों के परिवारवालों को विद्युत विभाग की तरफ से पांच-पांच लाख रुपए मुआवजा दिया जाएगा। राजस्व विभाग ने भी जो वादा किया है, वह पूरा होगा। ———————- ये खबर भी पढ़ें कार नहर में गिरी, कारोबारी, पत्नी और बेटे की मौत:औरेया में रात भर गाड़ी पड़ी रही, सुबह टायर दिखा औरैया में बेकाबू कार 20 फीट गहरी नहर में गिर गई। हादसे में कारोबारी, उनकी पत्नी और बेटे की मौत हो गई। कारोबारी रिश्तेदार की बेटी के शादी के फंक्शन में परिवार के साथ इटावा से औरैया आए थे। पूरी खबर पढ़ें