2.50 लाख दीपकों से जगमगाया यमुना घाट:मथुरा में देव दीपावली, वृंदावन में संत ऋतेश्वर महाराज के सानिध्य में दीपदान; ग्रेट खली ने आरती की

मथुरा में कार्तिक पूर्णिमा के पावन अवसर पर बुधवार शाम मथुरा-वृंदावन की पवित्र भूमि दीपों की रोशनी से नहा उठी। देव दीपावली के मौके पर यमुना तट पर करीब ढाई लाख दीपक जलाए गए। मथुरा देव दीपावली महोत्सव समिति सवा लाख दीप जलाए। जबकि वृंदावन में सद्गुरु ऋतेश्वर महाराज के सानिध्य में भक्तजन 1 लाख 8 हजार दीपों से दीपदान किया। शाम 5 बजे वेदव्यास जी की साधना स्थली कृष्ण गंगा घाट से लेकर विश्राम घाट और ध्रुव घाट तक यमुना तट दीपों की श्रृंखला से जगमगा उठा। यमुना पार के सभी प्राचीन घाटों पर भी दीपदान हुआ। मुख्य आयोजन सती बुर्ज राजा घाट पर हुआ, यहां ब्रज के संत और धर्माचार्य शंख ध्वनि के साथ दीपोत्सव का शुभारंभ किया। तस्वीरों में देखिए आयोजन का नजारा… चातुर्मास में ब्रज में निवास करते हैं 33 करोड़ देवी-देवता महोत्सव समिति के अध्यक्ष पं. सोहनलाल शर्मा ने बताया कि पुराणों के अनुसार आषाढ़ पूर्णिमा से कार्तिक पूर्णिमा तक चातुर्मास में ब्रज में 33 करोड़ देवी-देवता निवास करते हैं। कार्तिक पूर्णिमा के दिन वे मां यमुना जी से आशीर्वाद लेकर अपने लोकों को प्रस्थान करते हैं। इसी मान्यता के आधार पर हर साल भव्य देव दीपावली महोत्सव का आयोजन होता है। महोत्सव के महामंत्री आचार्य ब्रजेन्द्र नागर ने बताया कि सभी घाटों को सवा लाख दीपों, आकर्षक लाइटिंग, रंगोली, फूलों की सजावट और सांस्कृतिक कार्यक्रमों से सजाया जाएगा। ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय द्वारा विशाल शिवलिंग प्रतिमा भी आकर्षण का केंद्र रहेगी। वृंदावन में चीरघाट पर 1 लाख 8 हजार दीपों से होगा दीपदान वृंदावन में सद्गुरु ऋतेश्वर महाराज की दैनिक पदयात्रा में हजारों श्रद्धालु भाग ले रहे हैं। यह यात्रा हर शाम 6:15 बजे श्री आनंदम धाम से शुरू होकर श्री बांके बिहारी मंदिर होते हुए चीरघाट यमुना तट तक जाती है।इसी क्रम में 5 नवंबर को चीरघाट पर 1 लाख 8 हजार दीपों का दीपदान किया जाएगा। यमुना आरती और भव्य दीपोत्सव से पूरा ब्रजक्षेत्र आस्था, प्रकाश और श्रद्धा के अद्भुत संगम में डूब जाएगा।