UGC के खिलाफ करणी सेना का कपड़े उतारकर प्रदर्शन:लखनऊ में बोले- हमने 525 यूनिवर्सिटी दान की, आज सरकार ने नंगा कर दिया

यूनिवर्सिटी ग्रांट्स कमिशन (UGC) के नए नियमों के खिलाफ लखनऊ में करणी सेना के कार्यकर्ताओं ने कपड़े फाड़कर अर्धनग्न होकर प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं का कहना था कि उन्हें सरकार ने नंगा कर दिया है। जब तक UGC अपने नियम वापस नहीं लेता तब तक बिना कपड़े पहने ही रहेंगे। परिवर्तन चौक पर करणी सेना के लोगों को प्रदर्शन शाम 4 से 6 बजे तक चला। कार्यकर्ताओं ने विधानसभा की ओर कूच किया तो पुलिस ने बैरिकेडिंग लगाकर उन्हें रोक दिया। उनके हाथों में UCC लाओ, UGC हटाओ लिखी तख्तियां रहीं। कहा कि कि हमने देश को 525 यूनिवर्सिटी दान की और आज सरकार ने हमें नंगा कर दिया। लखनऊ विश्वविद्यालय समेत शहर के कई कॉलेजों के स्टूडेंट्स भी सड़क पर उतरे। LU कैंपस के बाहर जोरदार प्रदर्शन किया। LU में भारी पुलिस बल के बीच छात्र गेट नंबर-1 से सड़क पर निकलकर प्रदर्शन और नारेबाजी की। UGC रोल बैक के नारे लगाए। स्टूडेंट अर्पित तिवारी ने कहा- यूजीसी के जरिए जनरल कैटेगरी के छात्रों को सीधे अपराधी घोषित करने का प्रयास है। वहीं, शशांक जायसवाल ने कहा- यह कानून हमारी दोस्ती तोड़ने के लिए है। आज UGC के खिलाफ हर जाति वर्ग का छात्र प्रदर्शन करने उतरा है। 5 तस्वीरें देखिए… UGC के नए नियमों का विरोध क्यों? UGC ने 13 जनवरी को अपने नए नियमों को नोटिफाई किया था। इसका नाम है- ‘प्रमोशन ऑफ इक्विटी इन हायर एजुकेशन इंस्टीट्यूशन रेगुलेशन, 2026।’ इसके तहत, कॉलेजों और यूनिवर्सिटी में जाति आधारित भेदभाव को रोकने के के लिए विशेष समितियां, हेल्पलाइन और मॉनिटरिंग टीमें बनाने के निर्देश दिए हैं। ये टीमें खासतौर पर SC, ST और OBC छात्रों की शिकायतों को देखेंगी। सरकार का कहना है कि ये बदलाव उच्च शिक्षा संस्थानों में निष्पक्षता और जवाबदेही लाने के लिए किए गए हैं। हालांकि, नियमों को जनरल कैटेगरी के खिलाफ बताकर विरोध हो रहा है। आलोचकों का कहना है कि सवर्ण छात्र ‘स्वाभाविक अपराधी’ बना दिए गए हैं। जनरल कैटेगरी के स्टूडेंट्स का कहना है कि नए नियम कॉलेज या यूनिवर्सिटी कैंपसों में उनके खिलाफ भेदभाव को बढ़ावा दे सकते हैं। इससे कॉलेजों में अराजकता पैदा होगी। UGC विरोध को लेकर लखनऊ में क्या हो रहा है, नीचे एक-एक ब्लॉग में पढ़ते रहिए…